
TMC Crisis: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी के दिल्ली पहुंचने और 30 सितंबर को होने वाली INDIA ब्लॉक की बैठक में शामिल होने को लेकर पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता रितब्रत बनर्जी ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने ममता बनर्जी के पहले लगाए गए नजरबंदी के दावे और विपक्षी दलों के नेताओं के साथ उनकी बातचीत का जिक्र करते हुए कई सवाल खड़े किए। INDIA ब्लॉक की यह बैठक चुनाव आयोग और विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर विपक्ष की आगे की रणनीति पर चर्चा के लिए बुलाई गई है।
रितब्रत बनर्जी ने ममता बनर्जी के पहले के नजरबंदी संबंधी दावे पर सवाल उठाते हुए कहा कि अगर वह नजरबंद थीं, तो अपने घर से एयरपोर्ट तक कैसे पहुंचीं। उन्होंने इसे अहम सवाल बताया। उन्होंने यह भी कहा कि ममता बनर्जी की CPI(M) महासचिव एमए बेबी के साथ बातचीत हुई है। रितब्रत ने दावा किया कि यही CPI(M) पहले ममता बनर्जी पर भरोसा नहीं करने की बात कहती रही है। रितब्रत ने कांग्रेस के कुछ नेताओं के पुराने बयानों का भी जिक्र किया और कहा कि अधीर रंजन चौधरी समेत कई नेताओं ने ममता बनर्जी को लेकर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा कि इन बातों को लेकर पहले भी सार्वजनिक रूप से चर्चा होती रही है।
ममता बनर्जी के INDIA ब्लॉक की बैठक में शामिल होने पर रितब्रत बनर्जी ने कहा कि उनके वहां पहुंचने के पीछे क्या उद्देश्य है, यह अभी स्पष्ट नहीं है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि ममता बनर्जी विपक्षी गठबंधन को मजबूत करने गई हैं या उसमें फूट डालने, इसका पता समय के साथ चलेगा। उन्होंने ममता पर देश-विरोधी ताकतों की आवाज बनने का भी आरोप लगाया।
इस बीच ममता बनर्जी मंगलवार को दिल्ली पहुंचीं। रिपोर्टों के मुताबिक, INDIA ब्लॉक की बैठक 30 सितंबर को दिल्ली में होनी है और इसमें चुनाव आयोग तथा SIR से जुड़े मुद्दों पर विपक्षी दलों की रणनीति पर चर्चा होनी है। दिल्ली पहुंचने के बाद ममता ने चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए कहा कि लोगों के साथ धोखा हुआ है और अब पूरे सिस्टम के खिलाफ आवाज उठाने की जरूरत है। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के बारे में सवाल पूछे जाने पर ममता ने उन्हें 'वैनिश जी' कहा। उन्होंने कहा कि वह शुरुआत से ही उन्हें इसी नाम से संबोधित करती रही हैं।