
Mamata Banerjee: कोलकाता में पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान उन्होंने जय हिंद के नारे लगाए और देशभक्ति के गीत भी गाए। ममता ने बीजेपी पर नेताजी के नाम पर उनका अपमान करने का आरोप लगाया है। ममता बनर्जी ने कहा कि सुभाष चंद्र बोस देश के सबसे बड़े नेताओं में से एक हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी के कुछ लोग नेताजी के नाम पर उन्हें गाली दे रहे हैं और उनका अपमान कर रहे हैं। ममता ने कहा कि वह इसे पसंद नहीं करतीं और इसकी निंदा करती हैं।
ममता ने कहा कि देश की आजादी के लिए लड़ने वाले नेताओं और स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान को कभी नहीं भुलाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि वह उन सभी लोगों के लिए लड़ती रहेंगी, जिन्होंने देश के लिए संघर्ष किया। इसके लिए उन्हें अपनी पूरी जिंदगी भी क्यों न लगा देनी पड़े, वह पीछे नहीं हटेंगी। उन्होंने कहा कि इन स्वतंत्रता सेनानियों ने देश के लिए अपना जीवन दिया। उनके संघर्ष और बलिदान को याद रखना जरूरी है।
ममता बनर्जी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के साथ महात्मा गांधी, सरदार वल्लभभाई पटेल, रवींद्रनाथ ठाकुर, चित्तरंजन दास, खुदीराम बोस, प्रफुल्ल चाकी और मातंगिनी हाजरा समेत कई स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया। लाल-बाल-पाल के साथ मौलाना अबुल कलाम आजाद और गुरु गोविंद सिंह समेत उन लोगों को भी श्रद्धांजलि दी, जिन्होंने देश के लिए संघर्ष किया।
ममता ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों को याद करना उनके लिए किसी दिखावे या प्रचार का हिस्सा नहीं है। वह दिल से उनका सम्मान करती हैं। इसी भावना के साथ उन्होंने कहा, “सारे जहां से अच्छा, हिंदुस्तान हमारा।”
कार्यक्रम के दौरान ममता बनर्जी ने जय हिंद और वंदे मातरम के नारे लगाए। उन्होंने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस और महात्मा गांधी समेत देश के स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को हमेशा याद किया जाना चाहिए। रवींद्रनाथ ठाकुर को भी श्रद्धांजलि दी। ममता ने कहा कि ठाकुर ने ‘जन-गण-मन’ की रचना की थी। उन्होंने यह भी कहा कि वंदे मातरम देश का राष्ट्रीय गीत है जबकि जन-गण-मन राष्ट्रीय गान है।
कार्यक्रम के अंत में ममता बनर्जी ने वहां मौजूद लोगों के साथ राष्ट्रगान जन-गण-मन गाया। राष्ट्रगान खत्म होने के बाद उन्होंने जय हिंद और जय बांग्ला के नारे लगाए। ममता ने कहा कि देश के लिए लड़ने वाले लोगों के संघर्ष को याद करना और उन्हें श्रद्धांजलि देना लगातार जारी रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को किसी भी हालत में भुलाया नहीं जा सकता।