Sexual Assault Case: मई, 2023 में मैतेई और कुकी समुदायों के बीच झड़पें शुरू होने के बाद एक मासूम बच्ची अपने परिवार से बिछड़कर राहत शिविर में रह रही थी, लेकिन दो बाद उसके साथ जो हुआ… नीचे पढ़ें दिल को झकझोर देने वाली स्टोरी।
Manipur Violence Displaced Girl Sexual Assault Case:मणिपुर हिंसा ने न जाने कितने परिवारों को उजाड़ दिया, कई मासूम बच्चे बेघर हो गए। फिर वह राहत शिविर में रहने लगे। उसी राहत शिविर से जुड़ी एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है।
मई 2023 में मैतेई और कुकी समुदायों के बीच शुरू हुई झड़पों के बाद एक बच्ची अपने परिवार से बिछड़कर एक राहत शिविर में रह रही थी। उसे उम्मीद थी कि एक दिन सब सामान्य होगा और वह अपने घर वापस लौट सकेगी। लेकिन किस्मत ने उसके लिए कुछ और ही लिखा था। रविवार को वह अचानक लापता हो गई और अगले ही दिन उसकी लाश एक पुल के नीचे मिली। जांच में पता चला कि 28 साल के एक शख्स ने उसे बहलाकर अगवा किया, उसके साथ रेप किया और फिर बेरहमी से उसकी हत्या कर दी।
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने अपना जुर्म मान लिया है। बच्ची का शव मिलते ही इलाके में आंतरिक रूप से विस्थापित लोगों के प्रदर्शन उग्र हो गए, जिसके बाद भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस को आंसू गैस छोड़नी पड़ी। बच्ची के परिवार ने रविवार को इरिलबुंग थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। शिकायत के बाद दोनों जिलों की पुलिस टीमें सक्रिय हुईं और CCTV फुटेज खंगाले। इन्हीं फुटेज में एक संदिग्ध नजर आया, जिसे बच्ची के साथ आखिरी बार देखा गया था।
पूछताछ के दौरान, आरोपी लैशराम लंगम्बा (28) ने बताया कि उसने पहले शिविर से बच्ची अगवा किया, उसके बाद रेप करके हत्या कर दी। उसकी लाश को उसने इंफाल पूर्वी जिले के सिंगजामेई वांगमा केशत्री लेइकाई में स्थित एक श्मशान घाट के पास, एक पुल के नीचे फेंक दिया था।