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बच्चों की सुरक्षा के लिए अरुणाचल पुलिस का बड़ा कदम, लॉन्च हुआ ‘मुस्कान 2.0’ अभियान

Child Safety Campaign: अरुणाचल प्रदेश में बच्चों की सुरक्षा के लिए 'मुस्कान 2.0' अभियान शुरू किया गया है। पहले चरण में 104 स्कूलों के 16,897 छात्रों तक पहुंचने के बाद अब माता-पिता और शिक्षकों को भी इस पहल से जोड़ा जाएगा।
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Aug 02, 2026
Muskaan 2.0 child safety campaign.
अरुणाचल प्रदेश (Photo- X/@MyGovArunachal)

Child Protection Initiative: अरुणाचल प्रदेश के ईस्ट सियांग जिले में बच्चों की सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए 'मुस्कान 2.0' अभियान शुरू किया गया है। यह अभियान पहले चरण की सफलता के बाद लॉन्च किया गया है। इसका उद्देश्य बच्चों के साथ-साथ अब अभिभावकों और शिक्षकों को भी बाल संरक्षण अभियान से जोड़ना है। अरुणाचल प्रदेश के गृह मंत्री मामा नातुंग ने इस पहल की सराहना की है। उन्होंने कहा कि अभियान का पहला चरण यह साबित करता है कि जब पुलिस, स्कूल और समाज मिलकर काम करते हैं तो अच्छे परिणाम सामने आते हैं।

पहले चरण में 104 स्कूलों के 16,897 छात्रों तक पहुंचा अभियान

गृह मंत्री ने बताया कि ईस्ट सियांग पुलिस की अगुवाई में पहले चरण के दौरान 104 स्कूलों के 16,897 छात्रों तक पहुंच बनाई गई। इस दौरान बच्चों को उनकी सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी गई। उन्हें बाल अधिकार, शरीर की सुरक्षा, पॉक्सो कानून, साइबर सुरक्षा और बुलिंग से बचाव के बारे में जागरूक किया गया।

अभियान के तहत सभी 104 स्कूलों में चाइल्ड सेफ्टी शिकायत बॉक्स लगाए गए। इन शिकायत पेटियों के जरिए 45 गैर-POCSO मामलों का काउंसलिंग के माध्यम से समाधान किया गया। वहीं स्कूलों के नियमित निरीक्षण के दौरान पॉक्सो से जुड़े तीन मामलों की पहचान हुई। बाद में इन मामलों में कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।

राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने सराहा

अरुणाचल प्रदेश राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने भी इस पहल को सराहा है। अभियान के दौरान पुलिसकर्मियों को बाल-अनुकूल पुलिसिंग का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। इसके लिए 10 प्रशिक्षण सत्र आयोजित किए गए।

छात्रों को महिला पुलिस थाने में बने 'एनेज होम' का भ्रमण भी कराया गया। यहां उन्हें बच्चों के लिए बनाई गई सुविधाओं की जानकारी दी गई। इसके अलावा बच्चों ने डायल-112, चाइल्डलाइन-1098 और पुलिस कंट्रोल रूम पर लाइव टेस्ट कॉल कर आपातकालीन सेवाओं की प्रक्रिया भी समझी।

अभिभावकों और शिक्षकों की भागीदारी होगी सुनिश्चित

ईस्ट सियांग के पुलिस अधीक्षक पंकज लांबा ने बताया कि 'मुस्कान 2.0' में अब अभिभावकों और शिक्षकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। उन्हें बच्चों की सुरक्षा और कानूनी जिम्मेदारियों के बारे में जागरूक किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि दूसरे चरण में अभिभावक-शिक्षक बैठकों के दौरान जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे। शिक्षकों के लिए विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित होंगे। स्कूलों में लगाए गए शिकायत बॉक्स की नियमित निगरानी भी की जाएगी। इससे बच्चों की शिकायतों का समय पर समाधान सुनिश्चित किया जा सकेगा।

अभियान का मकसद बच्चों के लिए सुरक्षित और भरोसेमंद माहौल तैयार करना है। पुलिस का कहना है कि समाज, स्कूल और परिवार की संयुक्त भागीदारी से ही बच्चों को सुरक्षित भविष्य दिया जा सकता है।

Updated on:
02 Aug 2026 12:46 pm
Published on:
02 Aug 2026 12:46 pm