
Supriya Sule: शिवसेना यूबीटी के नेता संजय राउत द्वारा TMC और NCP (SP) जैसे दलों को कांग्रेस में विलय बात कहकर एक नई सियासी बहस छेड़ दी है। उधर, NCP (SP) सांसद सुप्रिया सुले ने कांग्रेस के साथ विलय की खबरों का सिरे से खारिज कर दिया है। इस संबंध में उन्होंने कहा, पार्टी की तरफ से ऐसा कोई प्रस्ताव न तो दिया गया है और न कांग्रेस कांग्रेस की तरफ से आया है।
वहीं उन्होंने तृणमूल कांग्रेस में हुए बंटवारे पर निराशा व्यक्त की और दावा किया कि शिवसेना और एनसीपी में भी विभाजन इसी तरह हुआ है। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा, 'जिस तरह पहले शिवसेना का विभाजन हुआ, फिर एनसीपी का, वही हाल अब टीएमसी का हो रहा है। यह बहुत दुखद है।'
वहीं तृणमूल कांग्रेस यानी TMC सुप्रीमो ममता बनर्जी के खिलाफ कथित भड़काऊ भाषण के मामले में दर्ज FIR के संबंध में एनसीपी (एसपी) सांसद सुले ने कहा, 'मुझे आश्चर्य नहीं है। लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी राय व्यक्त करने का अधिकार है।'
वहीं, ओमान तट पर एक कमर्शियल जहाज पर अमेरिकी सेना के हमले में मारे गए तीन भारतीय क्रू सदस्यों के बारे में वह कहती हैं, 'यह बहुत दुखद घटना है और जिस तरह से यह हुआ, वह बहुत ही दुख देने वाला है। हमने तीन भारतीयों को खो दिया। हमें उम्मीद थी कि भारत सरकार इस पर कोई प्रतिक्रिया देगी। वे तीनों इसी मिट्टी के बेटे थे; वे भारतीय थे। उनके सम्मान और गरिमा को देखते हुए भारत को कड़ा रुख अपनाना चाहिए। हम उम्मीद करते हैं कि भारत सरकार इस मामले पर बात करेगी, और अगर सरकार अपनी विदेश नीति के ज़रिए कुछ नहीं कर पाती है, तो विपक्ष उन परिवारों के साथ खड़ा है। अगर सरकार उनके लिए नहीं लड़ सकती, तो हम हर भारतीय और हर बच्चे की तरफ से आगे आएंगे और हर भारतीय के लिए लड़ेंगे।'
इससे पहले सीपीआई के महासचिव डी राजा ने शुक्रवार को कहा था कि राजनीतिक स्थिति इस तरह बदल रही है कि कांग्रेस छोड़ने के बाद उनके नेताओं द्वारा बनाई गई कुछ पार्टियों को अपना अस्तित्व बनाए रखना मुश्किल हो रहा है। अब ऐसी अटकलें हैं कि वे कांग्रेस में विलय कर सकती हैं।
डी राजा ने समाचार एजेंसी ANI से बातचीत में कहा था, 'शरद पवार और ममता बनर्जी कांग्रेस में थे, फिर उन्होंने अलग होकर महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल में अपनी-अपनी पार्टियां बनाईं। अब राजनीतिक स्थिति इस तरह बदल रही है कि इन पार्टियों के लिए स्वतंत्र रूप से टिके रहना और आगे बढ़ना मुश्किल हो रहा है। ऐसी अटकलें हैं कि उन्हें कांग्रेस में विलय करना पड़ेगा, क्योंकि एनसीपी में फूट पड़ी, अब TMC में फूट पड़ी है और संसदीय समूह अलग मान्यता की मांग कर रहा है।'