
Parliamentary Discussion on NEET Paper Leak: संसद का मानसून सत्र जारी है। संसद सत्र के पहले दिन 20 जुलाई को कॉकरोच जनता पार्टी ने संसद मार्च का ऐलान किया था। इस दौरान प्रदर्शकारियों और पुलिस के बीच झड़प भी हुई। 21 जुलाई को विपक्षी नेताओं ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई का विरोध करते हुए पीएम आवास 7, लोक कल्याण मार्ग के पास धरना दिया। इसमें राहुल, प्रियंका गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, अखिलेश यादव समेत कई नेता शामिल हुए। फिर उन्हें देर शाम हिरासत में लेने के कुछ घंटों बाद छोड़ दिया गया। विपक्ष नीट पेपर लीक व अन्य मुद्दों पर चर्चा की मांग की है। जिस पर आज लोकसभा व राज्यसभा में चर्चा हो सकती है।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार देरशाम छत्रसाल स्टेडियम में बने डिटेंसन सेंटर से वीडियो जारी किया। उन्होंने कहा कि पूरा विपक्ष चाहता है कि इस मुद्दे पर लोकसभा व राज्यसभा में चर्चा हो। हम अपनी बात सदन में कहना चाहते हैं। राहुल ने वीडियो संदेश में कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें। वह छात्रों से माफी मांगे। छात्रों पर लगे पुलिस केस हटाए जाए। लाठीचार्ज करने वालों पर सख्त से सख्त एक्शन लिया जाए।
मंगलवार को कांग्रेस ने मोदी सरकार को चकमा दिया। कांग्रेस नेता, पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की जन्मदिन को लेकर उनके आवास पर इकट्ठा हुए। इस वहज से सुरक्षा एजेंसियों को उन पर संदेह नहीं हुआ। इसके बाद कांग्रेस नेताओं का हुजूम सीधे पार्टी प्रेसिडेंट के आवास से 500 मीटर दूर प्रधानमंत्री आवास पहुंचे और धरने पर बैठ गए।
मानसून सत्र के शुरुआती दो दिन की कार्यवाही विपक्ष के भारी हंगामे व विरोध के चलते स्थगित की गई। सत्र के पहले दिन यानी 20 जुलाई को सदन की कार्यवाही 6 बार रोकी गई। दूसरे दिन मंगलवार को भी सदन की कार्यवाही 11 बजे शुरू होते ही हंगामा शुरू हुआ। कार्यवाही 12 बजे तक स्थगित हुई। इसके बाद कार्यवाही शुरू हुई, लेकिन हंगामे के चलते पूरे दिन के लिए स्थगित कर दी गई।
विपक्षी घेराबंदी और कॉकरोच जनता पार्टी को मिल रहे भारी जन समर्थन की वजह से सरकार बैकफुट पर जाती हुई दिख रही है। आज केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक से मिलने के लिए गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल पहुंचे।