
Nitin Nabin: पंजाब के मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के बाद राज्य की राजनीति गरमा गई है। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने इस घटना को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है और नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोग भी सुरक्षित नहीं हैं। नितिन नवीन ने कहा कि आम आदमी पार्टी ड्रग्स मुक्त पंजाब का वादा करके सत्ता में आई थी, लेकिन आज नशे के खिलाफ आवाज उठाने वालों को ही खतरे का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने इसे प्रशासन की गंभीर विफलता बताते हुए राज्य सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग की है।
मानसा में परविंदर सिंह झोटा की एक मेडिकल स्टोर पर हुई गोलीबारी में मौत हो गई। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, झोटा नशीली दवाओं की कथित अवैध बिक्री को लेकर मेडिकल स्टोर संचालक से सवाल कर रहे थे। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और गोलीबारी हुई। झोटा को अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई। उनके साथ मौजूद अन्य लोग भी गोली लगने से घायल हुए है। झोटा लंबे समय से पंजाब में नशे के खिलाफ अभियान चला रहे थे। वह नशीले पदार्थों की बिक्री में शामिल दुकानों और लोगों के खिलाफ आवाज उठाते थे। उनकी हत्या के बाद नशे की समस्या और इस पर कार्रवाई को लेकर राज्य में राजनीतिक बहस तेज हो गई है।
बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने सवाल उठाया कि अगर नशे के कारोबार के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोग ही सुरक्षित नहीं हैं, तो पंजाब में आम लोगों की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग सरकार से जवाब और जवाबदेही की अपेक्षा रखते हैं। विपक्षी दलों ने भी इस घटना के बाद भगवंत मान सरकार की कानून-व्यवस्था और नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान पर सवाल उठाए हैं।
पंजाब में 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में नशे की समस्या, कानून-व्यवस्था और सरकार के कामकाज से जुड़े मुद्दे राजनीतिक बहस के केंद्र में हैं। परविंदर सिंह झोटा की हत्या ने इन सवालों को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।