
Manipur Violence: कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के हैदराबाद दौरे को लेकर निशाना साधा है। मणिपुर में जारी जातीय हिंसा और 24 घंटे के भीतर पांच कुकी पुरुषों की हत्या का जिक्र करते हुए खेड़ा ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार राष्ट्रीय सुरक्षा के गंभीर मुद्दों के बजाय राजनीतिक अभियानों को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि पूरा मणिपुर तनाव में है और गृह मंत्री का इंतजार कर रहा है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर पोस्ट करते हुए पवन खेड़ा ने केंद्र सरकार के प्रशासनिक रवैये की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि मणिपुर में हालात बेहद चिंताजनक हैं, जहां हाल ही में महज 24 घंटे के भीतर पांच कुकी पुरुषों की हत्या कर दी गई। खेड़ा के मुताबिक, ऐसे नाजुक समय में गृह मंत्री को खुद मणिपुर जाकर स्थिति का जायजा लेना चाहिए था या फिर दिल्ली में तुरंत एक आपात समीक्षा बैठक बुलानी चाहिए थी। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि मई 2023 से मणिपुर संकट का सामना कर रहा है, लेकिन सत्ताधारी दल के लिए विपक्ष पर हमला बोलना राष्ट्रीय सुरक्षा से ज्यादा जरूरी हो गया है।
इस मुद्दे पर शिवसेना (UBT) के सांसद संजय राउत ने भी BJP की पदयात्रा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जो लोग खुद लोकतंत्र के ताने-बाने को नुकसान पहुंचा रहे हैं, वे ही आज लोकतंत्र बचाने की रैलियां निकाल रहे हैं। दूसरी ओर, तेलंगाना के मंत्री पोन्नम प्रभाकर ने गृह मंत्री के दौरे के दौरान राष्ट्रीय जनगणना में पिछड़ा वर्ग (BC) के लिए अलग कॉलम शामिल करने और मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के आरोपों पर जवाबदेही मांगी। प्रभाकर ने आरोप लगाया कि राजनीतिक लाभ के लिए फॉर्म 6 और फॉर्म 7 के जरिए वोटरों के नाम हटाए जा रहे हैं।
इन तमाम सियासी के बीच हैदराबाद में BJP कार्यकर्ताओं ने गृह मंत्री के स्वागत में बड़े पैमाने पर तैयारियां की हैं। निजाम कॉलेज से नामपल्ली स्थित MJ मार्केट तक आयोजित इस 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' पदयात्रा के जरिए BJP राज्य की सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार के खिलाफ अपना राजनीतिक हमला तेज कर रही है। टैंक बंड पर स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा से शुरू होकर डॉ. बी.आर. आंबेडकर की प्रतिमा तक निकलने वाले इस मार्च का मकसद आगामी राजनीतिक अभियानों के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं में नया जोश भरना है।