राष्ट्रीय

आरजी कर जांच में आई तेजी, अब तत्कालीन CM ममता बनर्जी की भूमिका पर उठ रहे गंभीर सवाल

आरजी कर मेडिकल कॉलेज मामले की जांच तेज होने और तत्कालीन मुख्यमंत्री व सरकार की प्रमुख के तौर पर ममता बनर्जी की भूमिका पर गंभीर सवाल उठ रहे है।

2 min read
RG Kar Medical College rape and murder case

RG Kar Probe Intensifies 2026: पश्चिम बंगाल में नई सरकार बनने के बाद कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज और हॉस्पिटल मामले की जांच में तेजी आई है। यहां एक युवा जूनियर डॉक्टर के साथ हुए ब्लात्कार और हत्या की जांच में सामने आए हालिया घटनाक्रम तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के शासन के दौरान प्रशासन और जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े हुए है।

ये भी पढ़ें

पश्चिम बंगाल BJP में खटपट शुरू! चार नेताओं को भेजा गया नोटिस

तत्कालील सीएम ममता की भूमिका पर गंभीर सवाल

प्रशासनिक उपायों में तीन वरिष्ठ IPS अधिकारियों का निलंबन और RG Kar Hospital के पूर्व अधीक्षक Sandip Ghosh से जुड़ी कथित अनियमितताओं की गहन जांच शामिल है। तत्कालीन मुख्यमंत्री के पास उस समय गृह और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालय भी थे, जिसके चलते उन्हें उन व्यवस्थागत विफलताओं के लिए जांच का सामना करना पड़ सकता है, जिनके कारण कथित तौर पर ऐसी त्रासदी हुई।

महिलाओं की सुरक्षाओं पर बड़ा सवाल

आपको बता दें कि साल 2024 का यह मामला सार्वजनिक संस्थानों में महिलाओं की असुरक्षा और उनकी सुरक्षा के लिए बनी सरकारी व्यवस्थाओं पर से उठते भरोसे की कमी का प्रतीक बन गया। एक प्रमुख मेडिकल कॉलेज परिसर के भीतर किए गए इस अपराध की क्रूरता ने उन जगहों पर भी बुनियादी सुरक्षा प्रोटोकॉल के पूरी तरह ध्वस्त होने को उजागर किया, जिन्हें सुरक्षित होना चाहिए था।

हाई कोर्ट ने दिए थे सीबीआई जांच के आदेश

प्रशासनिक कार्रवाई की भी कथित तौर पर अपर्याप्त और धीमी होने के लिए आलोचना हुई, जब तक कि हाई कोर्ट ने सीबीआई जांच का आदेश नहीं दे दिया। और यह सब तब हुआ जब राज्य की कमान एक महिला मुख्यमंत्री के हाथों में थी।

कई खामिया हुई उजागर

जैसे-जैसे अस्पताल प्रशासन की चूकों, कथित तौर पर मामले को दबाने की कोशिशों और पुलिसिंग में विफलताओं के ब्योरे सामने आए, जनता का गुस्सा बढ़ता गया। पीड़िता के परिवार और नागरिक समाज समूहों ने न केवल अपराधियों से, बल्कि सत्ता में बैठे उन लोगों से भी जवाबदेही की मांग की, जिन्होंने ऐसी लापरवाही को पनपने दिया।

काशीपुर-बेलगछिया और पानीहाटी सीटों पर हारी टीएमसी

आपको बता दें कि हाल ही विधानसभा चुनाव परिणाम में जनादेश ने न केवल तृणमूल कांग्रेस सरकार के खिलाफ जबरदस्त फैसला दिया है, बल्कि काशीपुर-बेलगछिया विधानसभा सीट (जहां यह संस्थान स्थित है) और पानीहाटी (जहां पीड़िता का परिवार रहता है) में भी एक विशेष संदेश दिया है।

इन दोनों ही सीटों पर BJP उम्मीदवारों ने टीएमसी को हराया, जिसमें पानीहाटी सीट पर पीड़िता की माँ ने जीत दर्ज की। जैसा कि BJP नेताओं ने वादा किया था, नई सरकार ने सत्ता संभालने के तुरंत बाद ही कार्रवाई शुरू कर दी।

ये भी पढ़ें

अभिषेक बनर्जी की संपत्ति से जुड़ा नाम तो भड़कीं सायोनी घोष, बोलीं- बदनाम करने की हो रही साजिश
Published on:
20 May 2026 07:02 pm
Also Read
View All