
Shatrughan Sinha Statement: बागी टीएमसी सांसदों के एनसीपीआई में शामिल होने पर तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने प्रतिक्रिया देते हुए पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी के प्रति अपनी निष्ठा दोहराई। उन्होंने सभी अटकलों को खारिज करते हुए स्पष्ट कहा कि "ममता बनर्जी मेरे साथ खड़ी रही हैं और मैं भी उनके साथ खड़ा रहूंगा।"
हालांकि, एनसीपीआई के एक सोशल मीडिया पोस्ट में शत्रुघ्न सिन्हा का स्वागत किए जाने के बाद उनके पार्टी बदलने की अटकलें तेज हो गई थीं, लेकिन उन्होंने स्वयं इन खबरों का स्पष्ट रूप से खंडन कर दिया।
इसके साथ ही उन्होंने देश की युवा पीढ़ी की सराहना करते हुए कहा कि छात्रों और युवाओं ने सरकार को सोचने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसा लग रहा था मानो संसद एक मिनट के लिए भी सुचारु रूप से नहीं चल पा रही थी।
शत्रुघ्न सिन्हा ने टीएमसी छोड़कर एनसीपीआई में शामिल हुए बागी सांसदों पर कटाक्ष करते हुए कहा, "मेरी निजी राय में, आपके साथ खड़े लोगों की संख्या उतनी मायने नहीं रखती, जितना यह कि कौन आपके समर्थन में मजबूती से खड़ा है।"
उन्होंने कहा, "जो लोग आपको छोड़कर चले गए, कभी-कभी लगता है कि उनका अभी जाना ही बेहतर था। वे 21वें शहीद दिवस से पहले चले गए। यदि वे बाद में जाते, तो स्थिति और अधिक कठिन हो सकती थी।"
शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा, "हमारी युवा पीढ़ी, हमारे छात्र और जेनरेशन-ज़ेड जिस तरह आगे आए, उससे ऐसा लगा कि भाजपा पूरी तरह खामोश हो गई। संसद एक मिनट के लिए भी ठीक से नहीं चल सकी।"
उन्होंने आगे कहा, "जो लोग अचानक दूसरी तरफ चले गए हैं, वे राष्ट्र या मातृभूमि की सेवा करने के उद्देश्य से नहीं गए हैं। ऐसा नहीं है कि उन्हें अचानक लगा हो कि वे वहां रहकर देश की बेहतर सेवा कर पाएंगे या यह काम केवल भाजपा के माध्यम से ही संभव है।"
शत्रुघ्न सिन्हा ने ममता बनर्जी को एक मजबूत नेता और "स्ट्रीट फाइटर" बताते हुए कहा कि वे हमेशा उनके साथ खड़े रहेंगे। उल्लेखनीय है कि काकोली घोष दस्तीदार के नेतृत्व में टीएमसी के कुछ बागी सांसदों ने एनसीपीआई में विलय का फैसला करते हुए संसद में अलग बैठने की मांग की। हालांकि, शत्रुघ्न सिन्हा ने स्पष्ट किया कि वे टीएमसी और ममता बनर्जी के साथ ही बने रहेंगे।