
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। पार्टी छोड़ने की वजह उन्होंने व्यक्गित कारण बताया है। शहजाद ने साल 2017 में कांग्रेस छोड़कर भाजपा जॉइन की थी। अब इसको लेकर सियासी गलियारे कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं।
जब वह भाजपा में शामिल हुए थे, तब उन्होंने कांग्रेस छोड़ने की मुख्य वजह पार्टी में वंशवाद और पार्टी में आंतरिक लोकतंत्र की कमी बताई थी। 2017 में जब कांग्रेस में संगठनात्मक चुनाव हो रहे थे, शहजाद ने राहुल गांधी की अध्यक्ष पद पर नियुक्ति को गलत ठहराया था।
कांग्रेस छोड़ते वक्त शहजाद ने कहा था कि पार्टी अध्यक्ष के चुनाव से पहले यह तय था कि राहुल गांधी ही इस पद पर बैठेंगे। पार्टी के अंदर असली लोकतंत्र नहीं था। उन्होंने खुद राहुल गांधी को पार्टी अध्यक्ष पद के लिए चुनौती देने की बात भी कही थी।
उन्होंने कांग्रेस की संगठनात्मक संरचना, नेतृत्व और फैसले लेने की प्रक्रिया पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि 10 साल बाद भी राहुल गांधी सुधार नहीं ला पाए, जिसके चलते उन्होंने आवाज उठाई।
पार्टी के खिलाफ लगातार मुखर होने को लेकर कांग्रेस ने उन्हें दूर कर दिया। इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक रैली में उनकी तारीफ की। पीएम मोदी ने कहा- एक बहादुर युवक ने कांग्रेस में लोकतंत्र की कमी उजागर की। इतना सुनने के बाद शहजाद का भाजपा की ओर रुझान बढ़ा।
शहजाद 2008 से कांग्रेस में थे, लेकिन 2017 के बाद उन्होंने भाजपा जॉइन कर ली और जल्द ही पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता बन गए। लगभग 10 साल बाद उन्होंने पार्टी को अलविदा कह दिया है।
भाजपा छोड़ने से कुछ देर पहले शहजाद ने अपने एक्स पर एक वीडियो शेयर किया है। साथ ही, उन्होंने युवाओं को एक संदेश भी दिया है। वीडियो के साथ उन्होंने कहा- केवल भाजपा ही आपको नरेंद्र मोदी जी जैसा खुद के दम पर आगे बढ़ने वाला नेता दे सकती है - बाकी पार्टियां तो सिर्फ अपने बच्चों और परिवारवाद को ही बढ़ावा देंगी। इसलिए, युवाओं के लिए BJP ही सबसे अच्छा विकल्प है।