सुल्तानपुर की विशेष MP-MLA कोर्ट ने 2014 आचार संहिता उल्लंघन मामले में कुमार विश्वास, सत्येंद्र जैन और सोमनाथ भारती को समन जारी किया है। अदालत ने 15 मई को पेश होने का आदेश दिया है। मामला अमेठी लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान नियमों के उल्लंघन से जुड़ा है।
MP-MLA Court Notice To AAP Leaders: आम आदमी पार्टी के कई नेता और पूर्व नेता के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं। उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर से एक पुराना लेकिन अहम चुनावी मामला फिर चर्चा में आ गया है। यहां की विशेष MP-MLA अदालत ने 2014 लोकसभा चुनाव के दौरान कथित आचार संहिता उल्लंघन के मामले में सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने इस मामले में कवि और पूर्व आम आदमी पार्टी नेता कुमार विश्वास, दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन और सोमनाथ भारती को व्यक्तिगत रूप से पेश होने के लिए समन जारी किया है। विशेष MP-MLA मजिस्ट्रेट शुभम वर्मा की अदालत ने यह आदेश दिया। साथ ही मामले की अगली सुनवाई की तारीख 15 मई तय की गई है। अदालत ने साफ कहा है कि सभी आरोपियों की व्यक्तिगत उपस्थिति जरूरी होगी।
इस केस की जड़ें 6 मई 2014 से जुड़ी हैं, जब लोकसभा चुनाव अपने चरम पर था। उस समय कुमार विश्वास अमेठी सीट से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार थे और उनका मुकाबला कांग्रेस नेता राहुल गांधी से था। चुनाव प्रचार के दौरान प्रशासन ने कुछ निर्देश जारी किए थे, जिनका पालन करना जरूरी था। बताया जाता है कि अमेठी के तत्कालीन कोतवाल मोहम्मद हमीद ने कुमार विश्वास और उनके समर्थकों को क्षेत्र छोड़ने को कहा था। इसकी वजह चुनाव आयोग के नियम थे, जिनके तहत मतदान से 48 घंटे पहले बाहरी लोगों का किसी भी निर्वाचन क्षेत्र में रुकना प्रतिबंधित होता है।
आरोप है कि पुलिस के निर्देश के बावजूद संबंधित नेताओं और उनके समर्थकों ने क्षेत्र नहीं छोड़ा। इसी दौरान पुलिस और समर्थकों के बीच हल्की झड़प भी हुई थी, जिससे मामला और गंभीर हो गया। इसके बाद पुलिस ने आचार संहिता के उल्लंघन का केस दर्ज किया। इस मामले में सत्येंद्र जैन और सोमनाथ भारती का नाम भी सामने आया, जो उस समय पार्टी के सक्रिय नेता थे और चुनाव प्रचार में शामिल थे।
सरकारी पक्ष के वकील कालिका प्रसाद मिश्र के अनुसार, यह मामला पहले अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में लंबित था। हाल ही में इसे विशेष MP-MLA कोर्ट में ट्रांसफर किया गया, जिसके बाद सुनवाई की रफ्तार बढ़ी है। अब अदालत ने मामले का संज्ञान लेते हुए सभी आरोपियों को समन जारी कर दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि अगली सुनवाई पर सभी को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होना होगा।