
Girls Conversion Case: गुजरात के गिर सोमनाथ जिले के कोडीनार में नाबालिगों के अपहरण और धर्मांतरण के मामले में पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें से दो आरोपियों पर दोनों नाबालिगों के साथ दुष्कर्म करने का आरोप है। मेडिकल जांच में भी दुष्कर्म की पुष्टि हुई है। तीसरे आरोपी पर छेड़छाड़ का आरोप है। पुलिस ने तीनों के खिलाफ पॉक्सो सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है।
पुलिस के अनुसार एक नाबालिग की मां ने 24 अक्टूबर 2026 को थाने में बेटी के लापता होने की शिकायत दी थी। पुलिस ने अलग-अलग टीमें बनाकर तलाश शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल टावर की लोकेशन खंगालने पर पता चला कि लापता नाबालिग के साथ एक अन्य लड़की भी है। जांच में दोनों के महेसाणा जिले के उना गांव स्थित दरगाह में होने की जानकारी मिली। पुलिस टीम स्थानीय पुलिस की मदद से दोनों को सुरक्षित बरामद कर कोडीनार ले आई।
परिजनों की मौजूदगी में पूछताछ के दौरान कई गंभीर आरोप सामने आए। पुलिस के मुताबिक साकिर उर्फ बबली अताफभाई पठान ने अब्दुल हमीदभाई के कहने पर दोनों लड़कियों को उना बुलाया था। वहां दरगाह के आसिफ कवाली उर्फ मराठ से उनकी मुलाकात कराई गई। आरोप है कि लड़कियों को हिंदू धर्म छोड़कर इस्लाम अपनाने, साकिर से शादी करने और नमाज पढ़ने के लिए कहा गया। उन्हें यह भी बताया गया कि ऐसा करने से उनकी परेशानियां दूर हो जाएंगी और अच्छी सुविधाएं मिलेंगी।
शिकायत के अनुसार एक नाबालिग का नाम बदलकर रोशन ताबा रखा गया। उसे बुर्का पहनाकर कलमा और नमाज पढ़वाई गई तथा धर्म परिवर्तन की रस्म कराई गई। आरोपियों ने पुलिस से बचने के लिए दोनों लड़कियों को मोबाइल के सिम कार्ड तोड़ने के लिए भी कहा था। जांच में उना में दोनों नाबालिगों के साथ दुष्कर्म किए जाने की बात सामने आई। मेडिकल रिपोर्ट में इसकी पुष्टि हुई है। पुलिस ने पहले इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इनमें कोडीनार निवासी अब्दुलभाई हसमभाई जोखिया, उना निवासी मोहम्मद आसिफ अब्दुलभाई अंसारी और साकिर हुसैन उर्फ बबली अताफभाई पठान शामिल हैं। अब तीन और आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।