
Khabar Ka Asar : मध्य प्रदेश के नीमच जिले के जावद के अंतर्गत आने वाले नयागांव बॉर्डर चेक पोस्ट पर चल रही अवैध वसूली के खिलाफ पत्रिका द्वारा किए गए स्टिंग और खबर प्रकाशन का बड़ा असर देखने को मिला है। शनिवार को नयागांव बॉर्डर पर न तो कोई चेक पॉइंट नजर आया, न ही ट्रक चालकों से जबरन वसूली करने वाले कर्मचारी कहीं दिखाई दिए। खबर दिखाए जाने के बाद एमपी की राजधानी भोपाल से लेकर राजस्थान तक हड़कंप मच गया। उच्च प्रशासनिक अधिकारियों को इस मामले की जानकारी दी गई और जनप्रतिनिधियों ने भी इस विषय को गंभीरता से लिया, जिसका परिणाम ये रहा कि, शनिवार सुबह से बॉर्डर पर चेक पोस्ट पूरी तरह खाली दिखाई दिया।
मध्य प्रदेश-राजस्थान की सीमा पर स्थित नयागांव बॉर्डर पर बीते दिनों ट्रक चालकों से ‘उड़नदस्ता’ और निजी लोगों के जरिए 1000 से 5000 रुपए तक की जबरन वसूली की खबरें सामने आई थीं। पत्रिका ने शनिवार को इस मुद्दे को प्रमुखता से प्रकाशित कर प्रशासन और सरकार के उन दावों पर सवाल उठाए थे, जिसमें कहा गया था 1 जुलाई 2024 से चेकपोस्ट बंद है व कहीं पर भी अवैध वूसली नहीं हो रही है। पत्रिका में समाचार प्रकाशन के बाद शनिवार सुबह बॉर्डर पर स्थिति पूरी तरह बदल गई। जहां, बीते दिनों ट्रक चालकों को रोककर रकम वसूली जाती थी, वहां अब कोई चेक पॉइंट या वसूली करने वाला नजर नहीं आया।
स्थानीय व्यापारियों और परिवहनकर्ताओं ने कहा कि, पत्रिका ने उनकी आवाज़ को सही मंच दिया, जिससे तुरंत कार्रवाई हो गई। कारोबारी मनोज शर्मा और ट्रांसपोर्ट व्यवसायी हरभजन सलूजा के अनुसार, पत्रिका की खबर के बाद आज पहली बार बॉर्डर खुला और बिना रुकावट ट्रक गुजरते दिखाई दिए। ये साबित करता है कि, मीडिया की ताकत से जनता को न्याय मिल सकता है।