Cyber fraud- देश-दुनिया की तरह मध्यप्रदेश में भी साइबर फ्रॉड तेजी से बढ़ रहे हैं हालांकि अब ऐसे मामलों में कार्रवाई में भी तेजी आई है।
Cyber fraud- देश-दुनिया की तरह मध्यप्रदेश में भी साइबर फ्रॉड तेजी से बढ़ रहे हैं हालांकि अब ऐसे मामलों में कार्रवाई में भी तेजी आई है। पुलिस की साइबर सेल की सक्रियता के कारण ठगी के शिकार लोगों को अपनी रकम वापस भी मिल रहीं हैं। नीमच साइबर सेल की कार्रवाई में मई माह में साइबर फ्रॉड के 9 मामलों में 10 लाख रुपए पीड़ितों को वापस मिले। नीमच एसपी अंकित जायसवाल ने सोमवार को पुलिस कंट्रोल रूम में साइबर सेल की इस कार्रवाई की जानकारी दी। नीमच साइबर सेल की यह कार्रवाई प्रदेश में मिसाल बन रही है। पुलिस ने यह भी कहा है कि साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर कॉल करें और मोबाइल गुम होने अथवा चोरी होने की भी तत्काल शिकायत दर्ज कराएं।
नीमच में मई 2025 में साइबर फ्रॉड की 9 शिकायतों में कुल 10,09,454 रुपए पीड़ितों को वापस मिले हैं। एक शिकायत में 1,04,144 रुपए और 8 अन्य शिकायतों में 9,05,000 रुपए न्यायालय के आदेश पर लौटाए गए। वित्तीय वर्ष 2024-25 में अब तक कुल 19,88,637 रुपए पीड़ितों को वापस किए जा चुके हैं। इसके अलावा, 6 लाख रुपए न्यायालय के आदेश पर और 29,80,042 रुपए होल्ड खातों से रिकवर किए गए हैं।
साइबर सेल ने मई 2025 में 64 एफआईआर दर्ज की हैं। 272 बैंक खातों को होल्ड, डैबिट किया गया है। 147 मोबाइल नंबर, 150 आईएमईआई नंबर और 57 मोबाइल नंबरों को ब्लॉक किया गया है। ये सभी नंबर साइबर फ्रॉड में इस्तेमाल किए जा रहे थे।
एसपी जायसवाल ने बताया कि गृह मंत्रालय के एनसीआरपी पोर्टल की मदद से फ्रॉड में शामिल नंबरों और खातों की पहचान की गई। उन्होंने लोगों से अपील की कि साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। मोबाइल चोरी या गुम होने पर नजदीकी थाने में सूचना दें।