
Delhi Doctor Found Dead: दिल्ली के सिविल लाइंस स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल से एक दुखद खबर सामने आई है। अस्पताल में एनेस्थीसिया विभाग में तैनात 35 साल के सीनियर रेजिडेंट डॉ. सिमरप्रीत सिंह आनंद अपने ड्यूटी रूम में मरे हुए मिले। इस घटना के सामने आते ही अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई और कर्मचारियों के बीच भी हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। शुरुआती जांच के दौरान कमरे से कुछ सामान और सुसाइड नोट भी मिला है, जिसे पुलिस ने अपने कब्जे में लेकर मामले की हर पहलू से पड़ताल शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार डॉ. सिमरप्रीत सिंह आनंद की 4 जुलाई की रात 8 बजे से 5 जुलाई की सुबह 8 बजे तक नाइट ड्यूटी थी। ड्यूटी खत्म होने के बाद भी वह कमरे से बाहर नहीं निकले और कई बार फोन करने पर भी कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद अस्पताल स्टाफ को शक हुआ। जब ड्यूटी रूम नंबर-109 का दरवाजा तोड़ा गया तो डॉक्टर अंदर बेहोश पड़े मिले। उन्हें तुरंत इमरजेंसी में ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही सिविल लाइंस थाना पुलिस, जिला क्राइम टीम और एफएसएल रोहिणी की टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान कमरे से सिरिंज, कुछ दवाओं की खाली शीशियां, एक काले रंग का बैग, तीन पन्नों का सुसाइड नोट और एक निजी डायरी बरामद हुई। पुलिस ने सभी सामान को कब्जे में लेकर जांच के लिए भेज दिया है। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया कि डॉक्टर के लेफ्ट हाथ में कैनुला लगा हुआ था, जिसे रात करीब 10 बजे उनके कहने पर एक टेक्नीशियन असिस्टेंट ने लगाया था।
पुलिस के मुताबिक कमरे से मिले तीन पन्नों के कथित सुसाइड नोट में डॉक्टर ने लिखा है कि उन्होंने यह कदम अपनी इच्छा से उठाया है। नोट में अस्पताल में ही काम करने वाली एक महिला सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर के साथ अपने निजी संबंधों का भी जिक्र किया गया है। इसमें लिखा गया है कि दोनों अलग-अलग जातियों से थे और इसी वजह से घऱ वाले नबहीं मान रहे थे और उनकी शादी नहीं हो पा रही थी। पुलिस फिलहाल नोट में लिखी गई बातों की जांच कर रही है।
डॉ. सिमरप्रीत सिंह आनंद पंजाब के लुधियाना के रहने वाले थे और पिछले तीन साल से डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल में सीनियर रेजिडेंट के तौर पर काम कर रहे थे। उनके निधन की खबर मिलने के बाद अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों में शोक का माहौल है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया है। मेडिकल बोर्ड की निगरानी में पोस्टमार्टम कराया जाएगा।