
Delhi Mahila Samridhi Yojana 2026: राजधानी दिल्ली की आर्थिक रूप से कमजोर महिलाओं के लिए एक शानदार खबर सामने आई है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली सरकार अपने चुनावी वादे को अमलीजामा पहनाने के लिए तैयार है। सरकार ने महिलाओं को सशक्त बनाने के उद्देश्य से वित्तीय सहायता देने वाली योजना के लिए पोर्टल तैयार कर लिया है, जिसके जून के पहले सप्ताह में लाइव होने की संभावना है।
आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ उठाने के लिए आवेदन प्रक्रिया जल्द शुरू होगी। भाजपा सरकार ने 2025 के विधानसभा चुनाव में जो बड़ा वादा किया था, उसे अब धरातल पर उतारा जा रहा है। सूत्रों का कहना है कि सरकार इस योजना को दिल्ली लक्ष्मी योजना के रूप में नया नाम दे सकती है, जिससे लगभग 17 लाख महिलाओं को आर्थिक संबल मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में इस योजना के लिए 5,100 करोड़ रुपये सुरक्षित रखे हैं। हालांकि पिछले साल भी इतना ही बजट दिया गया था, लेकिन लाभार्थियों के सही आंकड़ों की कमी के कारण इसे लागू करने में देरी हुई थी। अब मुख्यमंत्री की अध्यक्षता वाली विशेष कमेटी और महिला एवं बाल विकास विभाग ने इसके कार्यान्वयन की पूरी रूपरेखा तैयार कर ली है।
इस योजना को लागू करने के लिए पिछले साल मार्च में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई गई थी, जिसमें कुछ कैबिनेट मंत्री भी शामिल थे। इस योजना को महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा लागू किया जाएगा, जिसका नेतृत्व स्वयं मुख्यमंत्री करती हैं। अधिकारियों ने बताया कि इस योजना के लिए पात्रता मानदंड भी तय कर लिए गए हैं। इस योजना के लिए केवल उन्हीं महिलाओं पर विचार किया जाएगा, जिनके पास दिल्ली का आधार नंबर है और जो गरीबी रेखा से नीचे (BPL) की श्रेणी में आती हैं।
इस योजना के लिए 128 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया था। साथ ही, 'दुर्गा' योजना के तहत 1,000 महिलाओं और 100 ट्रांसजेंडर को नए ई-तिपहिया परमिट दिए जाएंगे। इसके अलावा, डीटीसी बसों में महिलाओं और ट्रांसजेंडर की मुफ्त यात्रा के लिए 450 करोड़ रुपये और शहर में 50,000 नए सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए 225 करोड़ रुपये आवंटित किए गए। घरेलू हिंसा या अन्य अपराधों से पीड़ित महिलाओं की मदद के लिए 16 करोड़ रुपये की लागत से 11 नए 'वन स्टॉप सेंटर' (सखी केंद्र) बनाए जाएंगे।
महिला एवं बाल विकास के लिए कुल 7,406 करोड़ रुपये के बजट में कई अन्य योजनाओं को भी शामिल किया गया है।
शिक्षा और परिवहन: 1.30 लाख छात्राओं को मुफ्त साइकिल और महिलाओं/ट्रांसजेंडर के लिए डीटीसी बसों में मुफ्त सफर हेतु 450 करोड़ रुपये।
दिल्ली लखपति बिटिया योजना: बेटियों के जन्म से स्नातक तक कुल 61,000 रुपये की बचत, जो बाद में 1.20 लाख रुपये हो जाएगी।
रोजगार और सुरक्षा: महिलाओं के हुनर के लिए 'रानी हाट' की स्थापना, 1000 ई-ऑटो परमिट और सुरक्षा के लिए 50,000 नए सीसीटीवी कैमरे।
मदद केंद्र: घरेलू हिंसा पीड़ितों के लिए 11 नए 'वन स्टॉप सेंटर' (सखी केंद्र) का निर्माण।