नई दिल्ली

बचाओ-बचाओ, अरे कोई बचाओ…कबाड़ गोदाम से आ रही आवाज पर दौड़े लोग, पास पहुंचते ही उल्टे पैर भागे

Pitampura Fire Accident: दिल्ली के पीतमपुरा इलाके में एक प्लॉट में भयंकर आग लगने की खबर सामने आई है। आग इतनी तेज थी कि कुछ ही देर में पूरा इलाका धुएं से भर गया। इस हादसे में तीन लोगों गंभीर रूप स जले हैं, जबकि दो की मौत हो गई।

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प्रतीकात्मक तस्वीर

Pitampura Fire Accident: दिल्ली के पीतमपुरा इलाके में मंगलवार को एक खाली प्लॉट में रखे कबाड़ में अचानक भीषण आग लग गई। आग की लपटों के बीच में फंसे लोगों ने जब मदद के लिए चीखें लगाईं तब जाकर लोगों ने बाहर निकलकर देखा। उस समय तक आग बहुत ज्यादा तेज और प्लॉट के बड़े हिस्से में फैल चुकी थी। आग इतनी तेजी से फैली कि पूरा इलाका उसकी चपेट में आ गया। यह देखते हुए आसपास वाले इलाके में अफरातफरी मच गई। आग उस जगह लगी जहां टिन शेड लगाकर कबाड़ रखा गया था।

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फायर ब्रिगेड की छह गाड़ियां मौके पर पहुंची

अचानक आग लगते देख वहां के स्थानीय लोगों ने पुलिस को कॉल कर मदद के लिए बुलाया। पुलिस को जैसे ही इस मामले की जानकारी मिली, वैसे ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। गंभीर हालात के चलते पुलिस ने तुरंत फायर ब्रिगेड को बुलाया। आग पर काबू पाने के लिए फायर ब्रिगेड की छह गाड़ियां बुलाई गईं। जानकारी के अनुसार, प्लॉट में बड़ी मात्रा में कार्डबोर्ड, कार्टन और ज्वलनशील कबाड़ पड़ा था जिस वजह से आग तेजी से फैलती चली गई। लपटों के तेज होने की वजह से दमकल विभाग के कर्मचारियों को आग बुझाने में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा, लेकिन काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका।

पांच में से दो लोग मारे गए

आग पर काबू पा लेने के बाद पांच लोगों को एकदम गंभीर हालत में बाहर निकाला गया। उन लोगों को तुरंत इलाज के लिए जहांगीरपुरी के बाबू जगजीवन राम मेमोरियल हॉस्पिटल पहुंचाया गया। हॉस्पिटल में पहुंचने के बाद डॉक्टर ने दो लोगों को मृत घोषित कर दिया। बाकी के तीन लोगों की हालत गंभीर है और उन लोगों का इलाज चल रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि इतनी भयंकर आग में जलने की वजह से उनको गंभीर चोटें आई हैं।

नालंदा के रहने वाले थे सभी लोग

पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि सभी पांचों लोग बिहार के नालंदा जिले के रहने वाले थे। वह सब पीतमपुरा गांव के इस खाली प्लॉट में बने टिन शेड में रहकर आसपास के बाजारों से कबाड़ इकट्ठा करते और उसे बेचते थे। तीन घायलों में से एक ने बताया कि आग लगने के बाद उसने अपने साथियों को बचाने की कोशिश की, लेकिन तेज लपटों और धुएं की वजह से उसे पीछे हटना पड़ा। पुलिस के अनुसार, प्लॉट में चार टिन शेड थे, जिनमें से दो पूरी तरह जलकर खाक हो गए।

क्राइम टीम और FSL कर रही जांच

घटना की जानकारी मिलने के बाद क्राइम टीम और फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम भी मौके पर पहुंची। टीमों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और जांच के लिए जरूरी सबूत इकट्ठे किए। फिलहाल आग लगने का सटीक कारण नहीं पता चल पाया है। इसके अलावा पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि इस प्लॉट में सुरक्षा से जुड़े नियमों का पालन किया जा रहा था या नहीं। मामले में आगे की कार्रवाई जांच की रिपोर्ट आने के बाद की जाएगी।

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