
PM Modi latest news: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक वीडियो संदेश के बाद छात्र आंदोलन से जुड़ा मामला फिर चर्चा में आ गया है। पीएम मोदी ने जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान अपने और अपनी दिवंगत मां को लेकर की गई आपत्तिजनक टिप्पणियों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि गाली-गलौज से किसी समस्या का समाधान नहीं होता और वह भटके हुए युवाओं को माफ करना चाहते हैं।
पीएम मोदी के इसी वीडियो पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने अपनी राय रखते हुए तंज कसा। दीपके ने सोशल मीडिया पर पीएम के वीडियो पर टिप्पणी करते हुए लिखा कि सिर्फ रील पर ही माफ करोगे या केस भी वापस लोगे?
दीपके की इस टिप्पणी का सीधा इशारा उन छात्रों और प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मामलों की ओर है, जिनके खिलाफ आंदोलन के दौरान पुलिस कार्रवाई हुई थी। उनका सवाल है कि अगर प्रधानमंत्री छात्रों को माफ करने की बात कह रहे हैं, तो क्या सरकार उनके खिलाफ दर्ज मामलों को भी वापस लेने पर कोई फैसला करेगी?
दरअसल, परीक्षा व्यवस्था और कथित पेपर लीक को लेकर छात्रों ने जंतर-मंतर समेत कई जगहों पर प्रदर्शन किया था। छात्रों की मांगों में परीक्षा व्यवस्था में सुधार और उनकी शिकायतों पर कार्रवाई जैसे मुद्दे शामिल थे। आंदोलन के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई और मुकदमों का मामला भी सामने आया था।
अब पीएम मोदी के ताजा वीडियो के बाद यही मुद्दा फिर उठ खड़ा हुआ है। प्रधानमंत्री ने जहां युवाओं को सजा देने के बजाय उन्हें समझाने और सही रास्ते पर लाने की बात कही, वहीं दीपके ने इसी बात को लेकर सरकार से अगला कदम पूछ लिया है।
दीपके की टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर भी यह सवाल चर्चा में है कि प्रधानमंत्री की ओर से कही गई माफी का असर क्या प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों पर भी पड़ेगा या नहीं।
पीएम मोदी ने अपने संदेश में यह भी कहा कि उनके और उनकी दिवंगत मां के खिलाफ इस्तेमाल की गई आपत्तिजनक भाषा से उन्हें दुख पहुंचा। हालांकि, उन्होंने युवाओं को लेकर नरम रुख दिखाते हुए कहा कि उन्हें गलत रास्ते से निकालकर सही दिशा में लाने की जरूरत है।
फिलहाल, अभिजीत दीपके के सवाल का जवाब सरकार की ओर से सामने नहीं आया है। ऐसे में अब नजर इस बात पर है कि छात्रों और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों को लेकर सरकार आगे क्या रुख अपनाती है।