Surajkund Mela Accident: फरीदाबाद झूला हादसे में पुलिस ने झूला संचालक कंपनी के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कंपनी के प्रोपराइटर के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया है, जबकि हादसे में शहीद इंस्पेक्टर के परिवार को एक करोड़ रुपये और सरकारी नौकरी देने की घोषणा की गई है।
Surajkund Mela Accident: हरियाणा के फरीदाबाद में शुक्रवार को हुए झूले हादसे में पुलिस ने झूला संचालक कंपनी के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। हिमाचल प्रदेश की हिमाचल फन केयर कंपनी के प्रोपराइटर मोहम्मद शाकिर के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या की धारा में मामला दर्ज किया गया है। इसके साथ ही इस घटना में दूसरों को बचाते हुए अपनी जान गंवाने वाले इंस्पेक्टर के परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता और एक सरकारी नौकरी देने का ऐलान किया गया है।
जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने इस मामले में झूला संचालक कंपनी से जुड़े मोहम्मद शाकिर, निवासी गांव टोका नंगला, जिला सिरमौर (हिमाचल प्रदेश), और एक अन्य आरोपी, नितेश, निवासी धर्मपुरी सदर, मेरठ कैंट (उत्तर प्रदेश), को हिरासत में लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी गहनता से पड़ताल की जा रही है। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आयुक्त सतेंद्र कुमार गुप्ता के निर्देश पर पुलिस उपायुक्त अपराध की निगरानी में तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। यह टीम मामले से जुड़े हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है और वैज्ञानिक व तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पूरी घटना की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हुई है।
हरियाणा के डीजीपी ने बताया कि हादसे में लोगों की जान बचाते हुए शहीद हुए इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद को शहीद का दर्जा दिया जाएगा। सरकार की ओर से उनके परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की गई है। जगदीश प्रसाद एक साहसी और कर्तव्यनिष्ठ पुलिसकर्मी के रूप में पहचाने जाते थे और उनकी वीरता के लिए वर्ष 2019-20 में उन्हें हरियाणा के राज्यपाल द्वारा सम्मानित भी किया जा चुका है। वहीं, फरीदाबाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी गठित कर जांच शुरू कर दी है। यह सूरजकुंड मेले में झूले से जुड़ा तीसरा हादसा है, जिसने आयोजन की सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।