नोएडा

Noida Workers Protest: 300 गिरफ्तारियां और 7 FIR, व्हाट्सएप ग्रुपों की जांच शुरू

Noida Police Action: वेतन वृद्धि की मांग के साथ सड़कों पर उतरे श्रमिकों ने सोमवार को जगह-जगह जमकर बवाल मचाया। इसे लेकर पुलिस ने 300 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया है और सात एफआईआर दर्ज की गई हैं। साथ ही वॉट्सएप ग्रुप्स की जांच की जा रही है।
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Updated: 14 Apr 2026, 12:17 PM IST
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IANS Photo

Noida Workers Protest:नोएडा में वेतन वृद्धि को लेकर श्रमिकों का हिंसक प्रदर्शन होने के कारण करीब 3000 करोड़ रुपए का आर्थिक नुकसान हुआ है। पुलिस ने मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए 300 लोगों को हिरासत में लिया और 7 FIR दर्ज की हैं। अब हिंसा भड़काने वाले व्हाट्सएप ग्रुप्स की जांच की जा रही है। भारी विरोध के बीच प्रशासन ने नोएडा और गाजियाबाद के श्रमिकों की मजदूरी में 21% की बढ़ोतरी का ऐलान किया है।

नोएडा में श्रमिकों के आक्रोश की शुरुआत बीते शनिवार को हुई जब इकोटेक-3 स्थित मिंडा फैक्ट्री के बाहर प्रदर्शन के दौरान एक महिला कर्मचारी को गोली लग गई। इस घटना ने श्रमिकों को एकजुट कर दिया और सोमवार सुबह यह गुस्सा एक हिंसक सैलाब बनकर सड़कों पर उतरा। डंडे और पत्थरों से लैस हजारों श्रमिकों ने जिले के तीन बड़े औद्योगिक क्षेत्रों में जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान 500 से ज्यादा फैक्ट्रियों में तोड़फोड़ करने के साथ ही पुलिस वैन समेत 20 से ज्यादा वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया। शनिवार की उस एक घटना ने पूरे औद्योगिक क्षेत्र को रणक्षेत्र में बदल दिया।

3000 करोड़ का नुकसान

एनएच-9 और नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे समेत कई मार्गों पर यातायात बाधित किया। औद्योगिक इकाइयों और सार्वजनिक संपत्ति में हुई तोड़फोड़ से 3000 करोड़ के नुकसान का अनुमान है। प्रदर्शन के बाद नोएडा और गाजियाबाद के श्रमिकों की मजदूरी 21 प्रतिशत बढ़ाने का एलान किया गया है।

नौ घंटे 'बंधक' रहा नोएडा

गाजियाबाद व दिल्ली आने-जाने वालों को भी जाम से जूझना पड़ा। सुबह आठ बजे से शाम पांच बजे तक यह घटनाक्रम चलता रहा। यानी करीब नौ घंटे तक पूरा नोएडा ‘बंधक’ बना रहा। इससे सबसे ज्यादा दिक्कत उन लोगों को हुई, जो ऑफिस जाते-आते हैं।

10 पुलिसकर्मियों समेत 30 लोग घायल

उपद्रव में 10 पुलिसकर्मियों सहित कुल 30 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। फैक्ट्रियों और सरकारी संपत्ति में की गई तोड़फोड़ से लगभग 3000 करोड़ रुपए के भारी नुकसान का अंदेशा है। पुलिस अब तक 300 से अधिक हुड़दंगियों को हिरासत में ले चुकी है, जबकि वीडियो फुटेज और तस्वीरों के जरिए दूसरे आरोपियों की पहचान की जा रही है।

डीएम ने श्रमिकों से की शांति की अपील

डीएम मेधा रूपम और पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने श्रमिकों से शांति की अपील की है। इस बीच नोएडा एंटरप्रेन्योर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन मल्हन ने नोएडा-ग्रेनो की औद्योगिक इकाइयों को मंगलवार को बंद रखने का निर्णय लिया है।

चेतावनी के बाद भी स्थिति भांपने में प्रशासन नाकाम

नोएडा में वेतन वृद्धि को लेकर श्रमिकों का आक्रोश अचानक नहीं फूटा है कईं दिनों से वेतन बढ़ाने की मांग कर रहे थे। श्रमिकों ने शनिवार को ही चेतावनी दी थी इसके बावजूद पुलिस और प्रशासन जमीनी हकीकत और खतरे की गंभीरता को समझने में पूरी तरह नाकाम रहे। उद्यमियों का दावा है कि वेतन बढ़ाने की मांग को स्वीकार कर लिया गया था, लेकिन प्रशासन समय रहते इस सूचना को श्रमिकों तक पहुंचाने में विफल रहा। इसी 'कम्युनिकेशन गैप' और प्रशासनिक सुस्ती ने शांत प्रदर्शन को उग्र हिंसा में बदल दिया, जिससे करोड़ों का नुकसान हुआ।

पलवल, फरीदाबाद और भिवाड़ी में भी प्रदर्शन

पलवल के औद्योगिक क्षेत्र पृथला में साईं ऑटो कंपनी की महिला कर्मियों ने दिल्ली-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर ढाई घंटे जाम लगाया और बढ़ा वेतन मिलने के आश्वासन पर जाम खोला। फरीदाबाद सेक्टर-37 में बिजली के तार बनाने वाली फैक्ट्री मदर्सन ग्रुप के कर्मियों ने दो घंटे प्रदर्शन किया। भिवाड़ी में पथरेड़ी औद्योगिक क्षेत्र में ठेका श्रमिकों ने प्रदर्शन किया।

क्या हैं श्रमिकों की प्रमुख मांगें

अकुशल को 12 हजार और कुशल श्रमिकों को 20 हजार वेतन मिले
ओवरटाइम पर दोगुना भुगतान
हर महीने की 10 तारीख को वेतन भुगतान
सप्ताह में एक दिन अवकाश मिले
नवंबर तक बोनस का भुगतान
सुरक्षित कार्य क्षेत्र और व्यवस्था

Updated on:
14 Apr 2026, 12:17 PM IST
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