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‘जहां के मैदान भरे होते हैं, वहां के अस्पताल खाली होते हैं : अक्षय कुमार

अक्षय ने एक बयान में कहा, "एक देश के नाते हमें खेलों पर अधिक जोर देना चाहिए। हर इंसान को कम से कम एक खेल को अपने जीवन में शामिल करना चाहिए, फिर चाहे वह शौकिया तौर पर हो।"
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Oct 26, 2018
akshay kumar promoting sports culture in india
'जहां के मैदान भरे होते हैं, वहां के अस्पताल खाली होते हैं : अक्षय कुमार

नई दिल्ली । अभिनेता अक्षय कुमार का कहना है कि लोगों को भारत में खेलों पर अधिक जोर देने की जरूरत है। अक्षय ने एक बयान में कहा, "एक देश के नाते हमें खेलों पर अधिक जोर देना चाहिए। हर इंसान को कम से कम एक खेल को अपने जीवन में शामिल करना चाहिए, फिर चाहे वह शौकिया तौर पर हो।"

हर इंसान में छिपा होता है हुनर
उन्होंने कहा, "एक इंसान का कम से कम एक खेल के लिए छुपा हुआ जुनून होता है, लेकिन एक सुस्त भावना आपको ऐसा करने से रोकती हैं। मैं एक खूबसूरत पंक्ति कहना चाहूंगा 'जहां के मैदान भरे होते हैं, वहां के अस्पताल खाली होते हैं।' मैं खेलों से संबंधित अधिक फिल्में करना चाहता हूं।"अभिनेता ने कहा, "हमारे देश के लिए ओलम्पिक खेलों में स्वर्ण पदक जीतना मुश्किल नहीं है, अगर हम अपना दिल और आत्मा उसमें लगा दें।"

मजबूत संदेशों वाली फिल्मों में कर रहे काम
अक्षय को 'टॉयलेट : एक प्रेम कथा', 'पैडमैन', 'एयरलिफ्ट' और 'गोल्ड' जैसी फिल्मों में देखा जा चुका है, जो रविवार को 'जी सिनेमा' पर प्रसारित होंगी। ऐसे मजबूत संदेश देने वाली फिल्मों को चुनने के बारे में अक्षय ने कहा, "मुझे सच्ची कहानियां इस प्रकार की फिल्मों की ओर खींचती हैं। मुझे 'गोल्ड' फिल्म की पटकथा के कारण भारत द्वारा ओलम्पिक में पहला स्वर्ण पदक जीतने की कहानी पता चली। इसलिए, मैं इस फिल्म के जरिए इस कहानी को पूरे देश के साथ साझा करना चाहता था।"

Published on:
26 Oct 2018 08:23 pm