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OTT पर छाई ‘ऑपरेशन सफेद सागर’, जानिए पूरा सच…जब पाकिस्तान में PM वाजपेयी हुए थे अपमानित

Operation Safed Sagar: ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ की कहानी फिर चर्चा में है। जानिए वाजपेयी के दौर में वाघा बॉर्डर पर क्या हुआ और कैसे भारतीय सेना ने दुश्मन को करारा जवाब दिया।
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Aug 09, 2026
Atal Bihari Vajpayee Wagah Border insident
फोटो में तत्कालीन PM अटल बिहारी वाजपेयी और पाकिस्तान के तत्कालीन सेना प्रमुख परवेज मुशर्रफ (सोर्स: ग्यूड इंडिया और ANI)

Operation Safed Sagar OTT Release: कारगिल युद्ध की कहानी एक बार फिर चर्चा में है। इस बार वजह है नेटफ्लिक्स की वेब सीरीज ‘ऑपरेशन सफेद सागर’। यह सीरीज 1999 के कारगिल युद्ध में भारतीय वायुसेना के शौर्य और बलिदान को सामने लाती है। खास बात यह है कि कहानी में कई ऐसे घटनाक्रम भी दिखाए गए हैं, जिनका जिक्र आज भी भारत-पाकिस्तान के इतिहास में होता है। इनमें तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के अपमान से जुड़ा मामला है।

जब पाक ने PM वाजपेयी को नहीं दी सलामी

भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्तों में एक बड़ा मोड़ उस समय आया, जब प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने पाकिस्तान के साथ शांति की पहल की। वाजपेयी लाहौर पहुंचे थे। दोनों देशों के बीच बातचीत हुई। लेकिन इसके कुछ ही समय बाद कारगिल में तनाव बढ़ गया।

सीरीज में एक ऐसा दृश्य भी दिखाया गया है, जिसमें सेना प्रमुख परवेज मुशर्रफ वाजपेयी को सलामी नहीं देते हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, यह दृश्य वास्तविक घटनाओं से प्रेरित है। वाघा बॉर्डर पर भी भारतीय प्रधानमंत्री के स्वागत को लेकर पाकिस्तान की ओर से प्रोटोकॉल का पालन नहीं किया गया था। लेकिन इसके दो साल बाद ‘आगरा शिखर सम्मेलन’ में भी इसका असर देखने को मिला। उस दौरान भारतीय एयर चीफ मार्शल एवाई टिपनीस ने मुशर्रफ को औपचारिक सलामी नहीं दी थी।

क्या नवाज शरीफ को कारगिल की जानकारी थी?

सीरीज में कारगिल ऑपरेशन की योजना को मुशर्रफ की रणनीति के तौर पर दिखाया गया है। इसमें यह भी दिखाया गया है कि नवाज शरीफ को पूरी जानकारी नहीं थी। इस मुद्दे पर पाकिस्तान में लंबे समय से अलग-अलग दावे सामने आते रहे हैं। नवाज शरीफ ने कई बार कहा कि उन्हें कारगिल ऑपरेशन की पूरी जानकारी नहीं दी गई थी। उन्होंने दावा किया था कि वाजपेयी से बातचीत के दौरान उन्हें पता चला कि पाकिस्तानी सेना भी इस संघर्ष में शामिल थी।

वहीं, मुशर्रफ का दावा इससे अलग था। उनका कहना था कि नवाज शरीफ को ऑपरेशन की जानकारी थी। उन्होंने अपने दावे के समर्थन में तस्वीरों का भी हवाला दिया था। यानी कारगिल की साजिश को लेकर दोनों नेताओं के दावे बिल्कुल अलग रहे।

एक टेप ने खोला पाकिस्तान का राज

‘ऑपरेशन सफेद सागर’ में उस बातचीत का भी जिक्र है, जिसने पाकिस्तान के दावे पर सवाल खड़े कर दिए थे। 1999 में भारतीय खुफिया एजेंसी RAW ने परवेज मुशर्रफ और लेफ्टिनेंट जनरल मोहम्मद अजीज के बीच हुई बातचीत को इंटरसेप्ट किया था।

इस बातचीत में कारगिल में मौजूद लड़ाकों को लेकर अहम बातें सामने आई थीं। रिकॉर्डिंग सार्वजनिक होने के बाद पाकिस्तान के उस दावे पर सवाल उठे कि वहां केवल कश्मीरी विद्रोही मौजूद थे।

बता दें सीरीज की कहानी भारतीय वायुसेना के ‘गोल्डन एरो’ स्क्वाड्रन पर भी केंद्रित है। MiG-21 विमानों से लैस इस स्क्वाड्रन ने कारगिल युद्ध में अहम भूमिका निभाई थी। भारतीय वायुसेना ने दुश्मन की ऊंची पहाड़ियों पर मौजूद ठिकानों को निशाना बनाया।

सिद्धार्थ, जिमी शेरगिल, अभय वर्मा, दीया मिर्जा और महेश मांजरेकर जैसे कलाकार इस वेब सीरीज का हिस्सा हैं। कारगिल युद्ध, देशभक्ति और सैनिकों के बलिदान की कहानी इसे चर्चा में ला रही है।

Updated on:
09 Aug 2026 09:09 pm
Published on:
09 Aug 2026 09:09 pm