पटना

भरत तिवारी एनकाउंटर केस: SHO और STF जवान के हथियारों की होगी जांच, FSL भेजी गईं तीन पिस्टल

Bharat Tiwari Encounter FSL Investigation: भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में कोर्ट की अनुमति के बाद पुलिस ने घटना में इस्तेमाल हुई तीनों पिस्टलों को FSL और बैलिस्टिक जांच के लिए भेज दिया है। अब फोरेंसिक रिपोर्ट से यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि किस हथियार से कितनी गोलियां चलीं और घटनास्थल पर मिले साक्ष्य किससे मेल खाते हैं।
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Jun 28, 2026
bharat tiwari Encounter case
भरत तिवारी (फोटो- bharat tiwari facebook)

Bharat Tiwari Encounter: बिहार पुलिस ने अब भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले की सच्चाई का पता लगाने के लिए पूरी तरह से वैज्ञानिक और तकनीकी जांच के तरीकों का सहारा ले रही है। कोर्ट की औपचारिक मंजूरी मिलने के बाद जांच टीम ने घटना में इस्तेमाल की गई तीन पिस्तौलें अपनी कस्टडी में ले ली हैं और उन्हें विस्तृत जांच और वैज्ञानिक सबूतों के मिलान के लिए फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) भेजा है।

जब्त किए गए हथियारों में शाहपुर पुलिस स्टेशन के तत्कालीन स्टेशन हाउस ऑफिसर (SHO) और STF (स्पेशल टास्क फोर्स) के एक जवान की सर्विस पिस्टल और मृतक भरत तिवारी के पास से बरामद कट्टा शामिल हैं। जांच पूरी होने तक ये हथियार पुलिस की कस्टडी में रहेंगे।

किस हथियार से कितने राउंड फायर किए गए?

एनकाउंटर के दिन कुल तीन हथियारों से फायरिंग होने की बात सामने आई थी। अब फ़ोरेंसिक लैब में इनकी क्रॉस-वेरिफ़िकेशन की जाएगी। FIR में दर्ज है कि घटना के दौरान शाहपुर के तत्कालीन SHO राजेश मलाकर ने अपनी सर्विस पिस्तौल से हवा में एक राउंड फायर किया था। इसके अलावा STF जवान अक्षय कुमार की सर्विस पिस्टल से कुल चार राउंड फायर किए जाने की बात कही गई है। पुलिस का दावा है कि आरोपी भरत तिवारी ने भी एनकाउंटर के दौरान फायरिंग की थी और उसकी पिस्टल से चली एक गोली पुलिस की गाड़ी के बोनट पर लगी थी।

FSL और बैलिस्टिक एनालिसिस से पता चलेगा सच

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, किसी भी शक को दूर करने और सच्चाई का पता लगाने के लिए फ़ोरेंसिक और बैलिस्टिक मिलान किया जा रहा है। लैब वैज्ञानिक तरीके से यह पता लगाएगी कि घटनास्थल से बरामद कारतूस के खोखे आखिर किस खास हथियार से फायर किए गए थे। फायर किए गए राउंड की कुल संख्या और इस्तेमाल किए गए हथियारों का पता चलने से एनकाउंटर के दौरान दोनों पक्षों के बीच हुई गोलीबारी की असलियत साफ हो जाएगी।

पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, एनकाउंटर के बाद घटनास्थल पर भरत भूषण तिवारी के पास से एक लोडेड अवैध पिस्तौल, दो ज़िंदा कारतूस, दो खाली कारतूस के खोल और एक मैगजीन बरामद की गई थी। FSL टीम ने इन चीजों को सबूत के तौर पर इकट्ठा किया। अब यह सबूत जांच में सबसे अहम कड़ी साबित होगा। भोजपुर के SP राज ने साफ किया है कि जांच प्रक्रिया पूरी होने तक ये तीनों हथियार पुलिस की कस्टडी में मालखाने में सील करके रखे जाएंगे।

Updated on:
28 Jun 2026 12:05 pm
Published on:
28 Jun 2026 12:03 pm