पटना

Bihar Election 2025: पप्पू यादव ने चुनाव की तारीखों पर खड़े किए सवाल, कहा- ‘बीजेपी ने भेजा, चुनाव आयोग ने पढ़ दिया…’

Bihar Election 2025 चुनाव आयोग की ओर से बिहार विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया गया है। इसपर पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने सवाल खड़ा किया है। उन्होंने X पर लिखा- जिस आयोग से निष्पक्षता की उम्मीद थी, उसने आज हर भ्रम तोड़ दिया।
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Oct 06, 2025
Pappu Yadav
पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव (फाइल फोटो)

Bihar Election 2025 भारत निर्वाचन आयोग ने रविवार (6 अक्टूबर 2025) को बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए तारीखों का ऐलान कर दिया। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि राज्य की 243 सीटों के लिए चुनाव दो चरणों में कराया जाएगा। पहला चरण 6 नवंबर (गुरुवार) को 121 सीटों पर और दूसरा चरण 11 नवंबर (मंगलवार) को शेष 122 सीटों पर होगा। वोटों की गिनती 14 नवंबर को होगी। आयोग के अधिकारियों ने हाल ही में पटना का दौरा कर सभी तैयारियों का जायजा लिया था, जिसके बाद दिल्ली लौटकर यह घोषणा की गई।

मतदाता और भागीदारी

इस बार बिहार में कुल 7.43 करोड़ मतदाता वोट डालेंगे, जिनमें 14 लाख नए वोटर शामिल हैं। पिछले वर्ष 2020 के चुनाव में मतदाता भागीदारी 58.7% रही थी, जो 2015 के 56.7% से बेहतर थी। आयोग उम्मीद कर रहा है कि इस बार और अधिक वोटिंग प्रतिशत रहेगा। बिहार विधानसभा का मौजूदा कार्यकाल 22 नवंबर 2025 को समाप्त हो रहा है, इसलिए चुनाव समय पर संपन्न कराने पर जोर दिया गया है। राजनीतिक दलों ने न्यूनतम चरणों में चुनाव की मांग की थी, जिसे आयोग ने स्वीकार किया।

पप्पू यादव ने आयोग पर उठाए गंभीर सवाल

चुनाव तारीखों के ऐलान के तुरंत बाद पूर्व सांसद और जन अधिकार पार्टी (JAP) नेता पप्पू यादव ने आयोग पर निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तीखा हमला बोला। उन्होंने लिखा, "इतना बेशर्म चुनाव आयोग कभी नहीं देखा। जिस आयोग से निष्पक्षता की उम्मीद थी, उसने आज हर भ्रम तोड़ दिया। BJP मुख्यालय से चुनाव कार्यक्रम भेजा गया, और मुख्य चुनाव आयुक्त ग्यानेश जी ने बस पढ़ दिया।

शर्म की झलक भी नहीं बची

बिहार का बच्चा-बच्चा जानता था—जैसे ही अधूरे मेट्रो का उद्घाटन होगा, वैसे ही चुनाव की तारीखें भी घोषित हो जाएंगी। आज वही हुआ। चुनाव आयोग ने अपनी साख पर खुद दाग लगा दिया। निष्पक्षता तो दूर, अब तो शर्म की झलक भी नहीं बची।" आयोग की घोषणा के साथ ही बिहार में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है, लेकिन विपक्षी दल के इस सीधे हमले ने चुनाव से पहले ही राजनीतिक माहौल को गर्मा दिया है।

Updated on:
06 Oct 2025 06:39 pm
Published on:
06 Oct 2025 06:37 pm