पटना

मोकामा विधानसभा: अनंत Vs सूरजभान की भिड़ंत, दुलारचंद की हत्या के बाद चप्पे- चप्पे पर पुलिस

मोकामा विधानसभा सीट पर आज मतदान है। इस सीट पर दो बाहुबली अनंत सिंह और सूरजभान सिंह के वोट परीक्षा का दिन है। दुलारचंद यादव की हत्या के बदले राजनीतक समीकरण में देखना होगा कि इस बार मोकामा किसे माननीय बनाता है।
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Updated: 6 Nov 2025, 7:22 AM IST
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अनंत सिंह और सूरजभान सिंह। फोटो- सोशल मीडिया

मोकामा विधानसभा सीट पर आज मतदान हो रहा है। इसको लेकर चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल की तैनाती की गई है। दरअसल, इस सीट पर दो बाहुबलियों के बीच भिड़त है। एक तरफ अनंत सिंह हैं तो दूसरी तरफ सूरजभान की पत्नी वीणा देवी चुनाव मैदान में हैं। कुछ दिन पहले सियासी लड़ाई में दुलार चंद यादव की हत्या के बाद से इस सीट पर सबकी नजर है। स्थानीय लोगों का कहना है माहौल गर्म है, लेकिन बड़ी संख्या पुलिस बल की तैनाती यहां पर कर दी गई है। वोटिंग के क्रम में किसी प्रकार का कोई हंगामा नहीं हो। इसको लेकर यहां बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है। दुलार चंद की हत्या के आरोप में अनंत सिंह जेल में हैं।

तराई के इलाके पर विशेष नजर

दुलारचंद यादव की जिस जगह पर मर्डर हुआ, ये क्षेत्र गंगा का तराई का इलाका है। आस-पास का यह पूरा इलाका बाहुबल और अपराध का गढ़ है। दुलालचंद यादव यहां के बाहुबली थे। गंगा के इस तराई वाले इलाके में करीब 50 गांव है। जहां पर बात बात पर हत्या आम बात है। जमीन पर कब्जा और रंगदारी के लिए यह क्षेत्र जाता है। इस लिए यहां के पोलिंग बूथ पर प्रशासन ने सबसे ज्याद फोकस किया है। यहां पर बिहार पुलिस के साथ साथ सीआरपीएफ की भी तैनाती की गई है।

टाल क्षेत्र पर विषेश फोकस क्यों?

बाहुबली अनंत सिंह और सूरजभान सिंह दोनों की नजर टाल क्षेत्र के 50 गांव के वोटरों पर है। यहां कुर्मी, कोइरी जैसी अतिपिछड़ी जातियां के 20 से 25 प्रतिशत, दलित के 16 से 17 प्रतिशत वोटर हैं। इसके साथ ही मुस्लिमों की संख्या भी इस क्षेत्र में अच्छी है। इसकी वजह से दोनों बाहुबलियों का इस क्षेत्र को विशेष फोकस है। दुलारचंद यादव की हत्या के बाद यहां आक्रोश है। इसको देखते हुए एएसपी रैंक के अधिकारी को यहां पर कैंप करने को कहा गया है।

कभी दुलार और अनंत दोस्त थे

पटना जिले के घोसवारी और बाढ़ थाना में दुलारचंद यादव पर रंगदारी और मर्डर जैसे कई संगीन मामले के कई मामले दर्ज है। कहा जाता है कि तब अनंत सिंह और दुलारचंद की दोस्ती के किस्से टाल क्षेत्र में चर्चित थे।

2022 के उपचुनाव में अनंत के साथ थे दुलार

बाहुबली अनंत सिंह के जेल में रहने पर 2022 के मोकामा उपचुनाव में दुलारचंद यादव की पत्नी नीलम देवी का समर्थन किया था। उनका प्रचार भी किया था। जिसकी वजह से अनंत सिंह ने अपने राजनीतिक समीकरणों को साधा था। वर्ष 2000 में दुलालचंद यादव ने अनंत सिंह के बड़े भाई दिलीप सिंह के खिलाफ में सूरजभान की मदद किया था। कहा जाता है कि इसकी वजह से दिलीप सिंह की हार हुई थी और सूरजभान सिंह की जीत हुई थी।

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6 Nov 2025, 7:22 AM IST
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