दिल्ली पुलिस ने 40 वर्षो के बाद चंद्रशेखर प्रसाद कथित तौर पर एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के शक में अपनी पत्नी की ईंटों से सिर कुचलकर हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया।
दिल्ली पुलिस ने एक बुज़ुर्ग व्यक्ति को 40 साल पुराने पत्नी हत्या के मामले में गिरफ्तार किया है। आरोपी पर आरोप है कि उसने 1986 में पूर्वी दिल्ली में अपनी पत्नी की हत्या की थी। पुलिस के अनुसार, आरोपी चंद्रशेखर प्रसाद, जो बिहार के नालंदा का रहने वाला है, घटना के बाद से लगातार फरार था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह पंजाब, बिहार, हरियाणा और दिल्ली समेत अलग-अलग जगहों पर अपनी पहचान छिपाकर रहता था। प्रसाद 1969 में दिल्ली आया था और एक अखबार में कंपोजर के रूप में काम करता था। उसने 1971 में मृतका से शादी की थी और यह दंपति शकरपुर इलाके में रहता था।
पुलिस के मुताबिक, 19 अक्टूबर 1986 को प्रसाद ने कथित तौर पर एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर के शक में अपनी पत्नी की ईंटों से सिर कुचलकर हत्या कर दी थी। घटना के दौरान आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर घरेलू नौकर को कथित तौर पर बंदूक की नोक पर बंधक बनाकर रखा था।
जांच अधिकारियों ने बताया कि उस समय तकनीकी संसाधनों की कमी के कारण आरोपी का पता लगाना बेहद मुश्किल हो गया था। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “आरोपी की पहचान करना एक बड़ी चुनौती थी, क्योंकि घटना के समय उसकी उम्र लगभग 40 साल थी और अब वह करीब 84 वर्ष का है। उस समय न तो डिजिटल रिकॉर्ड, आधार डेटा, मोबाइल ट्रैकिंग और न ही तस्वीरों जैसी कोई सुविधा उपलब्ध थी।”
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी के बच्चे दिल्ली और बिहार में रहते हैं। उनसे जुड़े संदिग्ध मोबाइल नंबर चुपचाप हासिल किए गए और उन्हें सर्विलांस पर रखा गया।
डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (क्राइम) संजीव कुमार यादव ने बताया कि आरोपी के नालंदा स्थित पैतृक गांव में फील्ड वेरिफिकेशन सहित लगातार प्रयासों के बाद यह पुष्टि हुई कि वह जीवित है और कभी-कभी धार्मिक व पारिवारिक कार्यक्रमों में शामिल होता है। इसके आधार पर उसकी निगरानी बढ़ा दी गई और उसकी गतिविधियों पर नजर रखी जाने लगी। इसके बाद पुलिस ने उसे उत्तर-पश्चिम दिल्ली में ट्रेस कर लिया।
दिल्ली पुलिस ने अंततः बुधवार को जाल बिछाकर उसे अलीपुर इलाके के नांगली पूना स्थित एक फैक्ट्री के स्टोररूम से गिरफ्तार कर लिया, जहां वह रह रहा था।