Nitish Mishra Launches Global Bihari Digital Platform: बिहार सरकार के सूचना प्रावैधिकी विभाग ने वैश्विक स्तर पर राज्य का नाम रोशन कर रहे प्रवासी बिहारियों को अपनी मिट्टी से जोड़ने के लिए एक नई पहल की है। इसके तहत राज्य के IT मंत्री नीतीश मिश्र ने एक अत्याधुनिक 'ग्लोबल बिहारी डिजिटल प्लेटफॉर्म' लॉन्च किया है।

Global Bihari Digital Platform: बिहार का जो टैलेंट सालों पहले बेहतर मौकों की तलाश में देश-दुनिया के अलग-अलग कोनों में चला गया था, क्या वह कभी वापस लौटेगा? क्या राज्य में वैश्विक स्तर का निवेश और बड़े उद्योग आ पाएंगे? इन सारे सवालों के बीच बिहार सरकार ने एक बेहद महत्वाकांक्षी और ऐतिहासिक कदम उठाया है। बिहार सरकार के सूचना प्रावैधिकी (IT) विभाग ने दुनिया भर में फैले बिहार मूल के लोगों को राज्य की विकास यात्रा से सीधे जोड़ने के लिए एक खास डिजिटल प्लेटफॉर्म लॉन्च किया है।
इस Global Bihari Digital Platform के शुभारंभ के साथ ही बिहार अब 'ब्रेन ड्रेन' (प्रतिभा पलायन) को 'ब्रेन गेन' (प्रतिभा वापसी) में बदलने की बड़ी तैयारी कर रहा है। सरकार का मुख्य फोकस राज्य के युवाओं, नए स्टार्टअप्स और नए उद्यमियों को एक ऐसा ग्लोबल मंच देना है, जहां वे सीधे दुनिया भर के सफल दिग्गजों से संवाद कर सकें और निवेश पा सकें।
इस डिजिटल प्लेटफॉर्म की शुरुआत करते हुए बिहार के आईटी मंत्री नीतीश मिश्रा ने कहा कि आज लाखों बिहारी देश के साथ-साथ विदेशों के भी अलग-अलग हिस्सों में रहकर विभिन्न क्षेत्रों में अपनी सफलता का परचम लहरा रहे हैं। इनमें से कई लोग दुनिया के बड़े उद्योगों, नामी तकनीकी कंपनियों, उच्च शिक्षा, चिकित्सा और बड़े-बड़े शोध संस्थानों में शीर्ष पदों पर बैठकर महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।
राज्य सरकार चाहती है कि इन वैश्विक विशेषज्ञों का समृद्ध अनुभव, उनका ज्ञान और उनके नेटवर्क का सीधा लाभ बिहार के विकास को मिले। इसी सोच के साथ इस 'ग्लोबल बिहारी डिजिटल प्लेटफॉर्म' को तैयार किया गया है। यह मंच सात समंदर पार बैठे प्रवासी बिहारियों और उनके गृह राज्य बिहार के बीच एक मजबूत पुल का काम करेगा, जिसके जरिए वे अपनी मातृभूमि के लिए विचार, विशेषज्ञता और निवेश साझा कर सकेंगे।
इस प्लेटफॉर्म का एक सबसे बड़ा रणनीतिक फायदा राज्य की आर्थिक स्थिति को बदलने में दिखेगा। पोर्टल के माध्यम से प्रवासी बिहारियों को राज्य में उपलब्ध निवेश और कारोबार के नए अवसरों की पल-पल की जानकारी डिजिटल माध्यम से मिलेगी। जो लोग बिहार में अपनी खुद की इंडस्ट्री या कोई नई यूनिट लगाना चाहते हैं, या फिर सरकार की किसी बड़ी विकास परियोजना में भागीदार बनना चाहते हैं, उन्हें सिंगल विंडो सिस्टम के तहत पूरी जानकारी और जरूरी प्रशासनिक सहयोग दिया जाएगा।
सरकार का यह विश्वास है कि इस पहल से बिहार में वैश्विक स्तर के नए उद्योग लगेंगे। जैसे ही नए उद्योग धरातल पर उतरेंगे, राज्य के आर्थिक विकास को एक नई रफ्तार मिलेगी और सबसे बड़ी बात यह कि बिहार के युवाओं को अपने ही राज्य में सम्मानजनक और बड़े पैमाने पर रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे।
नीतीश मिश्रा ने कहा कि यह डिजिटल मंच सिर्फ पैसों के निवेश तक सीमित नहीं है, बल्कि यह इंटेलेक्चुअल इन्वेस्टमेंट का भी जरिया बनेगा। दुनिया के विकसित देशों में काम कर रहे बिहारी विशेषज्ञ इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से सीधे बिहार के छात्रों, रिसर्चर्स और नए उद्यमियों के साथ जुड़कर उन्हें मेंटरशिप प्रदान करेंगे।
आज के दौर में बिहार के भीतर स्टार्टअप और इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए सरकार लगातार प्रयासरत है। ऐसे में, इस नए डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए बिहार के लोकल स्टार्टअप्स को सीधे अंतरराष्ट्रीय निवेशकों और तकनीकी गुरुओं से बात करने का मौका मिलेगा। इससे बिहार के युवाओं के नए और यूनिक आइडियाज को न केवल फंडिंग मिलेगी, बल्कि उन्हें अपने बिजनेस को वैश्विक स्तर पर विस्तार देने में भी मदद मिलेगी।
आईटी विभाग के मुताबिक, दुनिया के किसी भी कोने में रह रहे बिहार मूल के लोग इस पोर्टल http://doit.bihar.gov.in/ पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। पोर्टल पर अपने मौजूदा काम, पिछले अनुभव, विशेषज्ञता और वे बिहार के विकास में किस तरह का योगदान देना चाहते हैं (जैसे- निवेश, मेंटरशिप, आइडिया शेयरिंग आदि), इसकी जानकारी साझा करनी होगी। इस डेटा के आधार पर राज्य सरकार उन्हें विभिन्न संबंधित योजनाओं, विभागों और शैक्षणिक संस्थानों से सीधे कनेक्ट करेगी।