Bihar News: बिहार के रोहतास में एक पति ने न सिर्फ अपनी पत्नी का मर्डर किया, बल्कि अपने ढाई साल के बेटे के साथ दो दिनों तक उसी कमरे में उसकी लाश के साथ रहा।
Bihar News: बिहार के डेहरी में पुलिस ने एक लाल ट्रॉली बैग में मिली नग्न महिला की लाश के सनसनीखेज मामले को सुलझा लिया है। पुलिस जांच में पता चला कि महिला की हत्या किसी बाहरी व्यक्ति ने नहीं, बल्कि उसके अपने पति ने की थी। आरोप है कि पति ने पत्नी के चरित्र पर शक होने के कारण पहले उसका गला घोंटा और फिर सबूत मिटाने के लिए शव को सूटकेस में भरकर कूड़े के ढेर पर फेंक दिया।
यह घटना 1 फरवरी को हुई, जब पुलिस को डेहरी नगर थाना क्षेत्र के स्टेशन रोड पर सब्जी मंडी के पीछे कूड़े के ढेर से तेज बदबू आने की सूचना मिली। जब पुलिस मौके पर पहुंची और लाल ट्रॉली बैग खोला, तो अंदर का नजारा देखकर सब चौंक गए। सूटकेस के अंदर एक महिला की नग्न लाश ठूंसी हुई थी। शव को रस्सियों और टेप से इस तरह बांधा गया था कि चेहरा और घुटने एक साथ दबे हुए थे। यह तुरंत साफ हो गया कि हत्या की योजना बहुत सोच-समझकर बनाई गई थी।
घटना की गंभीरता को देखते हुए, डेहरी के ASP अतुलेश झा के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम बनाई गई। फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) और टेक्निकल सेल की मदद से सबूत इकट्ठा किए गए। पुलिस ने शव की पहचान के लिए सोशल मीडिया और स्थानीय नेटवर्क का इस्तेमाल किया। कुछ ही घंटों में, मृतक की पहचान डेहरी के जक्की बीघा इलाके की रहने वाली मेहरून खातून उर्फ मेहरून निशा के रूप में हुई।
जैसे ही मृतक की पहचान हुई, उसके भाई मोहम्मद सरवर शेख ने डेहरी नगर थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में मृतक के पति कयामुद्दीन अंसारी समेत कई लोगों के नाम थे। वहीं मृतका की मां ने दावा किया था कि हत्या से कुछ घंटे पहले उसके दामाद ने उसकी बेटी को जान से मारने की धमकी दी थी और बाद में यह कहकर गुमराह किया कि वह घर से भाग गई है। इसके बाद पुलिस ने अपनी जांच पति की ओर मोड़ दी।
पुलिस पूछताछ के दौरान, गिरफ्तार पति कयामुद्दीन अंसारी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसने बताया कि उसे अपनी पत्नी पर बेवफाई का शक था। उसे डर था कि मेहरून का किसी दूसरे आदमी के साथ संबंध है। इस शक की वजह से अक्सर घर में झगड़े होते थे। आरोपी के मुताबिक, 30 जनवरी की रात को झगड़े के दौरान उसने अपनी पत्नी का गला घोंटकर हत्या कर दी।
हत्या के बाद की कहानी और भी भयानक है। आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह करीब दो दिनों तक अपनी पत्नी की लाश के साथ घर में रहा। इस दौरान उसका ढाई साल का बेटा भी घर में मौजूद था। वह लगातार सोच रहा था कि लाश को कैसे ठिकाने लगाया जाए। आखिरकार, 1 फरवरी की रात को उसने लाश को एक बड़े ट्रॉली बैग में पैक किया और उसे सब्जी मंडी के पास कचरे के ढेर तक घसीटकर ले गया।
पुलिस ने मुख्य आरोपी कयामुद्दीन अंसारी को कैमूर जिले के सोनहन इलाके से गिरफ्तार किया। ASP अतुलिश झा के मुताबिक, इस मामले में अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। कयामुद्दीन से पहले इरफान आलम और राजू शेख मंसूरी को भी न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। पुलिस सभी आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जांच कर रही है।