पटना में दो कोचिंग संस्थानों के बीच विवाद अब सड़कों तक पहुंच गया है। खान सर के कोचिंग संस्थान में फायरिंग, तोड़फोड़ और हंगामे के बाद बुधवार को उनके समर्थक छात्रों ने प्रदर्शन कर ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रौशन आनंद की गिरफ्तारी की मांग की थी।रौशन आनंद की गिरफ्तारी के विरोध में गुरुवार को हजारों छात्र सड़कों पर उतर आए और उनकी रिहाई की मांग करते हुए प्रदर्शन व कैंडल मार्च निकाला।

पटना में दो कोचिंग संस्थानों के बीच छिड़ी जंग अब सड़कों तक पहुंच गई है। दोनों संस्थानों के छात्र अपने-अपने शिक्षक के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे हैं। खान सर के कोचिंग संस्थान के बाहर फायरिंग, तोड़फोड़ और मारपीट की सूचना के बाद बुधवार को उनके समर्थक छात्र सड़कों पर उतर आए और विरोध प्रदर्शन किया। वहीं, गुरुवार को खान सर के कोचिंग संस्थान में पथराव, तोड़फोड़ और मारपीट के आरोप में गिरफ्तार रौशन आनंद की रिहाई की मांग को लेकर उनके कोचिंग संस्थान के हजारों छात्र सड़क पर उतर गए।
इधर, पुलिस मामले की जांच में जुटी है और खान सर के ड्राइवर समेत दो अन्य लोगों से पूछताछ कर रही है। सूत्रों के अनुसार, पटना पुलिस की टीम ने खान सर को भी पूछताछ के लिए बुलाया है।
बताया जा रहा है कि पूरे विवाद की जड़ बिहार पुलिस भर्ती परीक्षा के परिणाम का श्रेय लेने की होड़ है। दोनों कोचिंग संस्थानों के बीच अधिक संख्या में सफल छात्रों का दावा करने को लेकर शुरू हुआ विवाद अब खुले टकराव का रूप ले चुका है। इसी वजह से पटना की सड़कें इन दिनों छात्रों के शक्ति प्रदर्शन और विरोध-प्रदर्शन का केंद्र बन गई हैं।
खान सर के कोचिंग संस्थान में तोड़फोड़ और पथराव के आरोप में पुलिस ने बुधवार को ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रौशन आनंद को गिरफ्तार कर लिया था। उनकी गिरफ्तारी के विरोध में गुरुवार को हजारों छात्र सड़कों पर उतर आए। हाथों में तख्तियां लिए प्रदर्शनकारी छात्र रौशन आनंद की तत्काल रिहाई और खान सर की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने इलाके में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया है।
प्रदर्शन के दौरान छात्र "जेल के ताले टूटेंगे, रौशन सर छूटेंगे" जैसे नारे लगा रहे थे। कई छात्रों ने हाथों में मोमबत्तियां लेकर कैंडल मार्च भी निकाला। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि रौशन आनंद पूरी तरह निर्दोष हैं और आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं को देखते हुए उन्हें जानबूझकर फंसाया जा रहा है। छात्रों के अनुसार, यह उनके शिक्षक की छवि खराब करने और छात्रों के भविष्य को प्रभावित करने की एक सुनियोजित साजिश है।
छात्रों ने यह भी सवाल उठाया कि जब खान सर ने स्वयं कोचिंग संस्थान के बाहर फायरिंग होने और कई राउंड गोलियां चलने की बात कही थी, तथा इस मामले में उनके सुरक्षाकर्मियों की गिरफ्तारी भी हुई है, तो फिर खान सर के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल खड़े करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की।
इससे पहले बुधवार को खान सर के कोचिंग संस्थान में फायरिंग, तोड़फोड़ और हंगामे की सूचना के बाद उनके समर्थक छात्र सड़कों पर उतर आए थे। प्रदर्शन के दौरान वे ज्ञान बिंदु कोचिंग के निदेशक रौशन आनंद की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। छात्रों के प्रदर्शन और सड़क जाम के कारण पटना की यातायात व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो गई थी और कई प्रमुख मार्गों पर लंबा जाम लग गया था।