पटना में गैस की किल्लत अब हिंसक रूप लेती जा रही है। फोन पर डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC) नंबर नहीं मिलने से नाराज ग्राहकों ने गैस एजेंसी के संचालक पर हमला कर उनका सिर फोड़ दिया।
पटना में घरेलू गैस सिलेंडरों की किल्लत अब हिंसक रूप लेती दिख रही है। प्रशासन की ओर से आपूर्ति में लगातार सुधार के दावे किए जा रहे हैं, लेकिन बैकलॉग डेढ़ लाख से अधिक बना हुआ है। इसकी वजह से लंबी प्रतीक्षा सूची प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है, वहीं इससे परेशान उपभोक्ताओं में आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
ताजा मामला पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र स्थित अखंड ज्योति गैस एजेंसी से जुड़ा है। डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC) नंबर नहीं आने से नाराज लोगों ने एजेंसी के कार्यालय में जमकर हंगामा किया। करीब छह लोगों ने कार्यालय में तोड़फोड़ की और 70 वर्षीय एजेंसी संचालक का सिर फोड़ दिया। घटना के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए।
घटना के संबंध में स्थानीय लोगों ने बताया कि जब हंगामा कर रहे लोगों का अनिल कुमार सिन्हा ने विरोध किया, तो उन्होंने उन पर हमला कर दिया, जिससे उनका सिर फट गया और वे लहूलुहान हो गए। इसके बाद आरोपितों ने एजेंसी कार्यालय में तोड़फोड़ की और मौके से फरार हो गए।
हालांकि, आरोपितों की एक बाइक वहीं छूट गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। थानेदार ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है और आरोपितों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
यह घटना शनिवार दोपहर की है। उस समय गैस एजेंसी के संचालक अपने कार्यालय में मौजूद थे। करीब 12:45 बजे 5-6 लोग वहां पहुंचे और मालिक से शिकायत करने लगे कि उनकी गैस बुकिंग नहीं हो रही है और डीएसी नंबर मोबाइल पर नहीं आ रहे हैं।
इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले कहासुनी हुई, जो धीरे-धीरे बढ़कर गाली-गलौज में बदल गई। विवाद बढ़ने पर शिकायत लेकर आए लोगों ने कार्यालय में जमकर हंगामा किया।
पटना जिला प्रशासन के अधिकारियों के अनुसार बैकलॉग धीरे-धीरे कम हो रहा है। शुक्रवार को पटना में कुल बैकलॉग 1,53,713 दर्ज किया गया, जबकि गुरुवार को यह 1,52,286 था। यानी एक दिन में 1,427 की कमी आई, जिसे आपूर्ति में सुधार का संकेत माना जा रहा है।
शुक्रवार को 39,670 सिलेंडरों की आपूर्ति हुई, जबकि 34,018 सिलेंडरों की बिक्री की गई। इसके मुकाबले गुरुवार को केवल 32,231 सिलेंडर ही प्राप्त हुए थे। हालांकि, इसके बावजूद प्रतीक्षा सूची अब भी 1,11,884 पर बनी हुई है।