
Bihar monsoon 2026: भीषण गर्मी से जूझ रहे बिहार के लोगों को बड़ी राहत मिली है। चिलचिलाती धूप और हीटवेव के बीच दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने राज्य में एंट्री कर ली है। मौसम विभाग के अनुसार, इस साल मॉनसून तय समय से लगभग छह दिन पहले ही बिहार पहुंच गया है। इसके आने से न केवल तापमान में भारी गिरावट आई है, बल्कि किसानों के चेहरों पर भी मुस्कान आ गई है।
मौसम विज्ञान केंद्र पटना के वरिष्ठ वैज्ञानिक आशीष कुमार के अनुसार, मॉनसून की उत्तरी सीमा (NLM) अभी मधुबनी से होकर गुजर रही है। यानि की राज्य के उत्तर-पूर्वी और सीमांचल क्षेत्रों के सात जिलों में मॉनसून आधिकारिक तौर पर पहुंच चुका है। इन जिलों में किशनगंज, अररिया, सुपौल, पूर्णिया, कटिहार, मधेपुरा और मधुबनी शामिल हैं। इन इलाकों में ठंडी हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई है, जिससे कई हफ्तों से जारी भीषण गर्मी से राहत मिली है।
मॉनसून के आगमन के साथ ही बिहार के सीमांचल और उत्तर बिहार के कई इलाकों में भारी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, सबसे ज्यादा 148.0 मिमी बारिश किशनगंज के तैयबपुर में दर्ज की गई। इसके अलावा सुपौल के सरायगढ़ भपटियाही में 106.0 मिमी, खगड़िया के बलतारा में 70.4 मिमी, समस्तीपुर के हसनपुर में 67.6 मिमी, सीवान के आंदर में 67.4 मिमी और पश्चिमी चंपारण के वाल्मीकिनगर में 58.0 मिमी बारिश हुई है। इस बारिश के बाद पूरे इलाके का मौसम सुहावना हो गया है।
मौसम विभाग ने राज्य के बाकी हिस्सों के मौसम के बारे में भी अहम जानकारी दी है। विभाग ने बताया है कि मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बनी हुई हैं। उम्मीद है कि अगले 48 से 72 घंटों यानि की 2 से 3 दिनों में यह पूरे राज्य में फैल जाएगा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले तीन दिनों में पटना, मुजफ्फरपुर, गया, भागलपुर और सारण सहित राज्य के बाकी हिस्सों में भी भारी बारिश शुरू होने वाली है, जिससे मॉनसून पूरी तरह सक्रिय हो जाएगा।
बिहार के किसानों को मॉनसून के आने से सबसे ज्यादा राहत मिली है, जो तय समय से छह दिन पहले ही आ गया है। यह समय खरीफ की फसलों, खासकर धान की खेती के लिए बहुत अहम है। समय पर बारिश होने से अब धान की नर्सरी तैयार करने और फसल की रोपाई जैसे कामों में तेजी आएगी। वहीं, पिछले कुछ दिनों से 40 से 44 डिग्री सेल्सियस की भीषण गर्मी झेल रहे आम लोगों को भी मॉनसून की इन बारिशों से काफी राहत मिली है।