Tejashwi Yadav on Women safety: तेजस्वी यादव ने NAARI 2025 की रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा किया कि पटना महिलाओं के लिए देश का सबसे असुरक्षित शहर बन चुका है। इसके साथ ही उन्होंने सवाल किया कि पिछले एक महीने के भीतर बिहार से 8,681 बच्चे क्यों गायब हो गए, जिनमें 85 फीसदी केवल मासूम लड़कियां हैं?
Tejashwi Yadav on Women safety:बिहार में कानून-व्यवस्था और महिला सुरक्षा के मुद्दे को लेकर राज्य की सियासत पूरी तरह गर्मा गई है। राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने एनडीए सरकार और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर हमला बोला है। सोशल मीडिया एक्स पर एक पोस्ट साझा करते हुए तेजस्वी यादव ने बिहार से बच्चों और विशेषकर लड़कियों के लापता होने के कुछ आंकड़े पेश किए हैं। इतना ही नहीं तेजस्वी ने NAARI 2025 की राष्ट्रीय रिपोर्ट का हवाला देते हुए पटना को महिलाओं के लिए सबसे असुरक्षित शहर, मुख्यमंत्री को 'अपराधियों का सम्राट', 'बयान बहादुर' और 'आर्टिफिशियल सीएम' बताया है।
राजद नेता तेजस्वी यादव ने बिहार के मुख्यमंत्री से सवाल पूछते हुए लिखा, "अपराधियों के सम्राट जवाब दें कि पिछले 1 महीने में ही बिहार से 8 हजार 681 बच्चे, जिसमें 85 फीसद लड़कियां हैं, गायब क्यों हुए? आज समूचे बिहार की महिलाएं, बच्चे और आम नागरिक असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। डायलॉग बाजी से ही बिहार संभालने की गलतफहमी पाले बैठे ‘बयान बहादुर’ की सरकार में बिहार की कानून व्यवस्था इतनी बुरी तरह खराब हो चुकी है।" तेजस्वी ने आरोप लगाया कि राज्य प्रशासन इस भयानक जमीनी हकीकत को रोकने में पूरी तरह नाकाम साबित हुआ है और आंकड़ों का यह स्तर राज्य की आधी आबादी के लिए गंभीर खतरे की घंटी है।
तेजस्वी यादव ने अपने इस हमले में राष्ट्रीय महिला आयोग द्वारा जारी National Annual Report and Index on Women's Safety (NAARI 2025) की रिपोर्ट का विशेष रूप से हवाला दिया। उन्होंने कहा कि इस रिपोर्ट के मुताबिक, पटना महिलाओं के लिए पूरे देश का सबसे असुरक्षित शहर बनकर उभरा है। तेजस्वी ने कहा कि बिहार के अलग-अलग ग्रामीण जिलों से गरीब और मध्यम वर्ग की छात्राएं पटना में रहकर प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी करती हैं, लेकिन एनडीए के इस राज में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा बेहद चिंताजनक स्तर पर पहुंच चुकी है।
राज्य में महिलाओं के खिलाफ हो रहे अपराधों पर नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि बिहार में प्रतिदिन अनेकों दुष्कर्म की घटनाएं घट रही हैं और अपराधी अब इतने बेखौफ हो गए हैं कि वे घर में घुसकर महिलाओं को अपनी दरिंदगी का शिकार बना रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि पिछले चंद दिनों में ही बिहार के भीतर 75 से अधिक दुष्कर्म एवं सामूहिक दुष्कर्म (गैंगरेप) की वारदातों को अंजाम दिया गया है।
तेजस्वी ने सरकार को घेरते हुए लिखा, 'बिहार की एनडीए सरकार में पहले रेप पीड़िता नीट छात्रा की हत्या और अब पॉलिटेक्निक परीक्षा देने पटना आई नाबालिग छात्रा के साथ होटल में छेड़छाड़ और अपहरण का प्रयास हुआ है।' तेजस्वी ने इन मामलों को बिहार में 'अपराधियों के सम्राट रूप धारण करने का प्रमाण' बताया। इसके अलावा उन्होंने राज्य भर में स्वर्णकारों (सोना व्यापारियों) के साथ दिनदहाड़े होने वाली लूट, हत्या और चोरी की अनगिनत वारदातों पर भी गहरी चिंता जताई।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा हाल ही में कानून-व्यवस्था सुधारने के लिए AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) तकनीकयुक्त कैमरों के इस्तेमाल की बात कहे जाने पर तेजस्वी ने करारा राजनीतिक व्यंग्य किया। उन्होंने कहा, "पूरे जीवन में बार-बार राजनीतिक गमछा और चश्मा बदलने वाले असहाय मुख्यमंत्री ‘AI तकनीकयुक्त कैमरा’ का इस्तेमाल अपराधियों को पकड़ने में नहीं कर पाते हैं। ऐसा इसलिए है क्योंकि आर्टिफिशियल बातें करने वाले आर्टिफिशियल CM को न तो बिहार की फिक्र है और न ही बिहारवासियों की।"
तेजस्वी ने तंज कसते हुए कहा, 'बड़बोले मुख्यमंत्री से आग्रह है कि टपोरियों की तरह सड़क छाप डायलॉगबाजी छोड़, रीलबाजी से फुर्सत निकाल कर बिहार की मातृशक्ति की सुरक्षा के लिए कारगर उपाय करें, क्योंकि राजद महिलाओं की सुरक्षा से रत्ती भर भी समझौता नहीं होने देगा।'
तेजस्वी यादव के इस हमले के बाद राजद के मुख्य प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने भी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा, "नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव जी ने आज जो खौफनाक आंकड़े सामने रखे हैं, उसने एनडीए सरकार के सुशासन की धज्जियां उड़ा दी हैं। केवल एक महीने के भीतर बिहार से 8,681 बच्चों का गायब होना और उसमें 85% लड़कियों का होना इस बात का सीधा प्रमाण है कि राज्य में अब अपराधियों के सम्राट का राज चल रहा है। पाताल से अपराधी ढूंढने का खोखला दावा करने वाले बयान बहादुर सिर्फ अपना राजनीतिक गमछा बदलने में व्यस्त हैं।"