Corona Crisis के कारण महाराष्ट्र को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। केंद्र को सहयोग करने की जिम्मेदारी से मुंह नहीं मोड़ना चाहिए। मोदी सरकार को नोटबंदी के लिए जिम्मेदार ठहराया।
नई दिल्ली। महाराष्ट्र की सत्तारूढ़ पार्टी शिवसेना ने राज्य की अनदेखी के लिए नरेंद्र मोदी ( Narendra Modi ) की अगुवाई वाली केंद्र सरकार ( Central Government ) पर निशाना साधा है। शिवसेना ( Shivsena ) ने बुधवार को अपने मुखपत्र सामना ( Samna ) में प्रकाशित संपादकीय में कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार ने आत्मनिर्भर भारत योजना ( Atmanirbhar Bharat Yojna ) के तहत प्रदेश के पर्यटन उद्योग ( Tourism Industry ) को पटरी पर लाने के लिए कुछ नहीं दिया।
शिवसेना ने सम्पादकीय में लिखा है कि कोरोना वायरस ( coronavirus ) महामारी के कारण राज्य में पर्यटन और होटल उद्योग पूरी तरह से बर्बाद हो गया है। मुंबई, महाबलेश्वर, लोनावाला-खंडाला और अलीबाग जैसे शहरों के पर्यटन और होटल इंडस्टी से जुड़े कारोबारियों को वैश्विक कोरोना वायरस महामारी के कारण भारी नुकसान उठाना पड़ा है।
सामाना के संपादकीय में कहा गया है कि महाराष्ट्र सरकार ( Uddhav Government ) आर्थिक संकट में है। ऐसे में केंद्र सरकार को सहयोग करने की जिम्मेदारी से मुंह नहीं मोड़ना चाहिए।
प्रदेश में घाटे में चल रहे पर्यटन उद्योग को पटरी पर लाना और फिर से मजबूत करना मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ( Uddhav Thackeray ) के नेतृत्व वाली महा विकास आघाडी ( Maha Vikas Aghadi ) सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती है। मोदी सरकार की ये नीति कारोबारी लिहाज से सही नहीं है। यह प्रदेश के हितों के खिलाफ है।
सामाना संपादकीय में मोदी सरकार को नोटबंदी ( Demonetization ) के लिए जिम्मेदार ठहराया है। नोटबंदी छोटे और मध्यम स्तर के व्यापारियों के लिए एक बड़ा झटका था। पार्टी ने उम्मीद जताई कि महागठबंधन सरकार की जन हितैषी और पारदर्शी नीतियों के दम पर महाराष्ट्र जल्द ही वर्तमान आर्थिक संकट से बाहर निकल आएगा। वायरस महामारी मॉनसून से पहले समाप्त हो जाएगी और आर्थिक गतिविधियां जल्द ही गति पकड़ लेंगी।