बिहार में Heatwave और Chamki Bukhar का कहर CM नीतीश कुमार ने लू पीड़ितों की मुलाकात
नई दिल्ली। बिहार में पिछले एक पखवाड़े से मौत का तांडव चल रहा है। एक ओर जहां चमकी बुखार और इंसेफेलाइटिस से 150 से ज्यादा बच्चों की मौत हो चुकी है, वहीं जानलेवा लू ( Bihar Heatwave ) ने भी 173 लोगों को काल के गाल में पहुंचा दिया है। इसी बीच सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने हवाई सर्वेक्षण रद्द कर अस्पताल का दौरा किया है।
नीतीश कुमार ने गया के अनुग्रह नारायण मेडिकल कॉलेज में लू पीड़ितों से मुलाकात की है। उनके साथ बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी भी मौजूद रहे। साथ ही सीएम डॉक्टरों और अधिकारियों से इलाज में आने वाली समस्याओं पर भी की।
तप रहे बिहार के चार जिले
बता दें कि बिहार के कई जिलों में गर्मी और लू की वजह से लोगों की मौत हो रही है। लेकिन गया, नवादा और औरंगाबाद इससे सबसे अधिक प्रभावित है। सिर्फ गया ही में ही लू लगने से 28 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। हालात का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बिहार के चार शहरों औरंगाबाद, गया, नवादा और जमुई जिलों में पिछले चार दिनों से पारा 45.8 से लेकर 42 डिग्री सेल्सियस तक रहा है।
गर्मी की वजह से लगी धारा 144 लागू
गर्मी का अलाम ये है कि 17 जून से गया और नवादा जिले मेंधारा 144 लागू कर दी गई है। जिलाधिकारी के आदेश के अनुसार लोग सुबह 11 से दोपहर 4 बजे तक घर में रहेंगे। इसके साथ ही जिले में सभी तरह के निर्माण कार्य पर 11 बजे से लेकर 4 बजे तक रोक रहेगी। मनरेगा योजन के तहत कोई भी काम 10:30 बजे के बाद नहीं होगा। कोई भी सार्वजनिक कार्यक्रम 11 से दोपहर 4 बजे तक खुले स्थान पर आयोजित नहीं की जा सकेगी। ये आदेश तत्काल प्रभाव से लागू है। इसके अलावा 22 जून तक राज्य के सभी सरकारी स्कूलों को बंद करने का निर्देश दिया गया है।