राहुल ने कहा कि 2014 से पहले मोदी कहा करते थे कि भारत आजादी के बाद एक धीमी 'यात्री ट्रेन' बन गया है और उनके नेतृत्व में देश एक चमकदार और बढ़िया 'चमत्कारी ट्रेन' बन जाएगा जो 'अच्छे दिन' की ओर जाएगा।
नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जोरदार हमला बोला और कहा कि उनके चार वर्षों के शासनकाल के बाद, भारत एक 'ऐसी ट्रेन जैसा हो गया है, जिसे एक निरंकुश, अक्षम और अहंकारी चालक बर्बादी की ओर ले जा रहा है।' राहुल ने इसके साथ ही आरोप लगाया कि जब से राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सत्ता में आया है, 'राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) सभी संस्थानों पर प्रणालीगत तरीके से हमला कर रहा है और उसे बर्बाद कर रहा है।'
'भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है'
कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में राहुल ने कहा कि बीते चार वर्षों में अक्षमता के चलते अर्थव्यवस्था के गिरने के बीच भ्रष्टाचार अपने चरम पर पहुंच गया है। राहुल ने याद करते हुए कहा कि 2014 से पहले मोदी कैसे कहा करते थे कि भारत आजादी के बाद एक धीमी 'यात्री ट्रेन' बन गया है और वह कहा करते थे कि कैसे उनके नेतृत्व में देश एक चमकदार और बढ़िया 'चमत्कारी ट्रेन' बन जाएगा जो 'अच्छे दिन' की ओर जाएगा। राहुल ने कहा कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, 'भारत के लोग बदलाव की मांग कर रहे हैं। लोग आपकी उस चमत्कारिक ट्रेन को लेकर ***** नहीं बनेंगे जो एक दुर्घटना की ओर जा रही है।'
'हम पर संघर्ष को जीतने की जिम्मेदारी'
उन्होंने कहा कि लोग मोदी सरकार को हटाने के लिए कांग्रेस और इसकी सहयोगी पार्टियों की ओर देख रहे हैं। लोग उनके बदले ऐसी सरकार लाना चाहते हैं जो उनकी समस्याओं को समझे और गरीबी, बेरोजगारी, असमानता को हटाए। उन्होंने कहा, 'दूसरे शब्दों में, हमारे ऊपर इस ऐतिहासिक संघर्ष को जीतने की जिम्मेदारी है जिसमें लोकतंत्र और सामाजिक न्याय का सामना निरंकुशता और सामाजिक महंतशाही से है। हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि घृणा, विभाजन और हिंसा की ताकत जो संविधान को चोट पहुंचा रही है, उसे दोबारा सत्ता में आने से रोका जाए।'
'किसानों की उम्मीद को फिर जिंदा करना होगा'
राहुल ने कहा, 'हमें भारतीय किसानों और युवाओं की आंखों में उनके सम्मानपूर्ण जीवन और अच्छी आय की उम्मीद को फिर से जिंदा करना होगा। हमें उन साधारण परिवारों को राहत पहुंचानी होगी जो घरेलू ऋणों और जरूरी सामानों की बढ़ी हुई कीमतों के दोहरे बोझ के तले दब गए हैं। हमें भारत में महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करनी होगी। आरएसएस और भाजपा सत्ता में आए। हमने हमारे सभी संस्थानों पर एक प्रणालीगत हमला होते देखा। आधुनिक भारत में ये संस्थान लोकतंत्र के मंदिर कहे गए और आज आरएसएस इनमें से सभी को बर्बाद करना चाह रहा है।'