
नई दिल्ली। मंगलवार का दिन देश की राजनीति के लिए अहम है। मंगलवार को कर्नाटक की सियासी जंग का परिणाम आने वाला है। 12 मई को राज्य की 222 विधानसभा सीटों पर मतदाताओं ने पार्टियों की किस्मत बंद कर दी थी जो आज खुलने जा रही है। बता दें कि कर्नाटक में रिकॉर्ड मतदान (72.13 प्रतिशत) हुआ था। जिनकी गिनती शुरू हो गई है। कर्नाटक का ये चुनाव आगामी लोकसभा चुनाव के लिए भी अहम माना जा रहा है। कर्नाटक का चुनाव कांग्रेस और बीजेपी के लिए क्या रंग लेकर आती है ये तो गिनती खत्म होने पर पता चल ही जाएगा। कर्नाटक में आज कांग्रेस के सिद्धारमैया और बीजेपी के बीएस येदियुरप्पा की साख दांव पर लगी है।
बहरहाल, ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं कि कर्नाटक का ये चुनाव लोकसभा चुनाव 2019 में अपना अहम रोल निभाएगी, या ये कह लीजिए कि ये चुनाव लोकसभा चुनाव के लिए एक सीढ़ी होगी कांग्रेस और बीजेपी के लिए।
बीजेपी के लिए आज की जीत बहुत मायने रखती है। भाजपा के लिए आज के नतीजों के दूरगामी परिणाम हो सकते हैं।
भाजपा के लिए सेमीफाइनल है कर्नाटक चुनाव
कर्नाटक का चुनाव भाजपा के लिए एक सेमीफाइनल की तरह ही है। जिसका फाइनल आगामी लोकसभा चुनाव को माना जा रहा है। बता दें कि आने वाले दिनों में मध्य प्रदेश , राजस्थान और छत्तीसगढ़ के विधानसभा चुनाव भी होने हैं, जिसमें भाजपा को बड़े ही दमखम के साथ उतरना होगा। इसके लिए आज के चुनाव के नतीजे बेहद अहम हैं।
कांग्रेस का मॉडल फेल करने का मौका
कांग्रेस ने हाल ही में कर्नाटक मॉडल लाॅन्च किया था। कर्नाटक में अगर भाजपा का परचम फहरता है तो बीजेपी के गुजरात मॉडल के सामने कांग्रेस का मॉडल फेल हो जाएगा। इससे बीजेपी को एक फायदा होगा कि 2014 से चले आ रहे ब्रांड मोदी को आगे भी ले जाया जा सकता है और सफल भी बनाया जा सकता है।
भाजपा के लिए एक संजीवनी
कर्नाटक में जीत, भाजपा के लिए एक संजीवनी का काम कर सकती है। गौरतलब है कि कांग्रेस और विपक्ष लगातार भाजपा के कामों पर प्रहार करती आई है। इस जीत से भाजपा को विपक्ष का मुंह बंद करने का सुनहरा मौका भी मिल जाएगा। फिर चाहे वो किसानों-दलितों का मुद्दा हो या रोजगार और विकास के गुजरात मॉडल का मुद्दा, भाजपा को विपक्ष का सामना करने का हथियार मिल जाएगा और साथ ही कार्यकर्ताओं में भी उत्साह बढ़ेगा।
जनता में भरोसा कायम
कर्नाटक में अगर भाजपा की जीत होती है तो वो जनता में अपना भरोसा कायम रखने में भी कामयाब रहेगी।