मुख्यमंत्री केजरीवाल ने ट्वीट करते हुए आईएएस अधिकारियों से अपनी अघोषित हड़ताल को वापस लेने की अपील की है।
नई दिल्ली। दिल्ली सरकार और उपराज्यपाल के बीच विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। पीएम आवास की ओर प्रदर्शन करते हुए बढ़ रहे आप कार्यकर्ताओं को पुलिस ने संसद मार्ग पर रोक लिया तो अब वे डोर-टू-डोर कैंपेन करने की नई योजना पर काम कर रहे हैं। इन सबके बीच मुख्यमंत्री केजरीवाल ने ट्वीट करते हुए आईएएस अधिकारियों से अपनी अघोषित हड़ताल को वापस लेने की अपील की है। केजरीवाल ने ट्वीट करते हुए लिखा कि मैं आपलोगों की सुरक्षा के लिए जितना हो सकता है उतना करने का आश्वासन देता हूं।
आईएएस अधिकारियों ने जताई नाराजगी
बता दें कि इससे पहले रविवार को आईएएस अधिकारियों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर किसी तरह की हड़ताल से साफ इनकार किया। अधिकारियों ने कहा कि हड़ताल की सूचना ‘पूरी तरह से बेबुनियाद और झूठी’ है। हमें राजनीतिक कारणों के कारण इस्तेमाल किया जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक वह डरे हुए हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अधिकारियों ने आम आदमी पार्टी के विधायकों व मंत्रियों के व्यवहार से नाराजगी जताई और कहा कि हमलोगों को यह सदैव डर सतता रहता है कि न जाने उनपर कब, कौन और कहां पर हमला कर दे।
अधिकारी मेरे परिवार के सदस्य की तरह हैं: केजरीवाल
आपको बता दें कि केजरीवाल ने आईएएस अधिकारियों की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद एक ट्वीट किया जिसमें उन्होंने अधिकारियों को यथासंभव सुरक्षा देने का भरोसा दिया। अपने ट्वीट में केजरीवाल ने लिखा कि 'मुझे बताया गया है कि आईएएस ऑफिसर्स एसोसिएशन ने आज अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। मैं उन्हें यह आश्वासन देना चाहता हूं कि मैं अपनी शक्ति और संसाधनों के भीतर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करूंगा। यह मेरा कर्त्तव्य है। मैंने ऐसे ही आश्वासन कई अधिकारियों को दिए हैं, जिन्होंने मुझसे निजी तौर पर मुलाकात की। मैं आज फिर वही दोहराता हूं।” बता दें कि इसके अलावा केजरीवाल ने कहा कि अधिकारी मेरे परिवार की तरह हैं और मैं उनसे गुजारिश करूंगा कि सरकार का बायकॉट बंद करें, अभी काम पर लौटें और मंत्रियों की बैठकों में उपस्थित होना शुरू करें। आगे उन्होंने कहा कि अधिकारी किसी के भी दबाव में न आएं, चाहे वह राज्य सरकार हो या केंद्र सरकार।