
नई दिल्ली। ढाई लाख रुपए प्रति मिनट के खर्च वाली संसद की कार्यवाही पिछले कई सत्रों से लगातार हंगामे की भेंट चढ़ रही है। ऐसे में अब लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन ने इस मसले पर चिंता व्यक्त करते हुए सांसदों से अपील की है। मॉनसून सत्र शुरू होने से पहले उन्होंने सांसदों को पत्र लिखकर संसद सत्र में सुचारू कामकाज सुनिश्चित करने में सहयोग करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि 16वीं लोकसभा में अब सिर्फ तीन ही सत्र बचे हैं, ऐसे में सदस्यों को और ज्यादा कामकाज करना चाहिए।
'शालीनता और शिष्टाचार के दायरे में हो अभिव्यक्ति'
महाजन ने लोकसभा को देश की सबसे बड़ी पंचायत करार देते हुए कहा कि लोकसभा अध्यक्ष के तौर पर उन्हें उम्मीद है कि सांसद अपने कार्यों का कुशलता से निर्वहन करेंगे। इस अपील के दौरान उन्होंने बजट सत्र के दौरान सदन में आई रुकावटों का भी जिक्र किया। उन्होंने लिखा कि विचार-विमर्श और बहस लोकतंत्र का अहम हिस्सा हैं लेकिन आप असहमति और विचारों की अभिव्यक्ति शालीनता और शिष्टाचार के दायरे में होनी चाहिए, ताकि लोकतंत्र के प्रति लोगों की आस्था बनी रहे।
18 जुलाई से शुरू होगा मॉनसून सत्र
मॉनसून सत्र की शुरुआत 18 जुलाई को होगी और समापन 10 अगस्त को होगा। इससे पहले 17 जुलाई को संसदीय कार्यमंत्री अनंत कुमार ने सर्वदलीय बैठक भी बुलाई है। इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शिरकत करेंगे। बैठक के बाद लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन के घर रात्रिभोज भी होगा। इस कार्यक्रम में सभी दलों के नेता शामिल होंगे। मोदी सरकार के लिए यह सत्र बेहद अहम होगा, क्योंकि शीतकालीन सत्र से पहले ही कई अहम राज्यों में चुनाव का आगाज हो जाएगा।