शिवसेना और भाजपा में मुख्यमंत्री पद पर रस्साकशी जारी संजय राउत बोले- 50.50 की मांग पर अडिग है शिवसेना
नई दिल्ली। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) और उसके सहयोगी शिवसेना के बीच जारी गतिरोध के बीच जहां कांग्रेस नेता आज पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलकर आगे के समीकरणों पर विचार करेंगे, वहीं शरद पवार की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी ने बड़ा ऐलान किया है।
शरद पवार के घर हुई एनसीपी की बैठक में पार्टी नेता धनंजय मुंडे ने कहा कि महाराष्ट्र की जनता ने हमें विपक्ष में बैठने का जनादेश दिया है।
उन्होंने कहा कि उनको शरद पवार और शिवसेना नेता संजय राउत की बीच हुई मुलाकात की जानकारी नहीं है। मुंडे ने कहा कि शिवसेना के प्रस्ताव पर विचार करने का कोई मतलब नहीं है। हम विपक्ष में बैठेंगे।
वहीं, शिवसेना ने गुरुवार को एकनाथ शिंदे को विधायक दल का नेता चुन लिया। पार्टी ने जल्द ही महाराष्ट्र के राज्यपाल के साथ अपनी बैठक की घोषणा भी की।
आदित्य ठाकरे ने विधायक दल के नेता पद के लिए शिंदे का नाम और और मुख्य सचेतक पद के लिए सुनील प्रभु का नाम प्रस्तावित किया।
आदित्य ठाकरे ने ट्वीट किया, "एक निर्वाचित विधायक के रूप में यह मेरा विशेषाधिकार था कि मैं विधायकों के लिए काम करने के लिए शिवसेना संसदीय दल के नेता के रूप में एकनाथ जी का नाम प्रस्तावित करूं।
सुनील प्रभु जी को विधायिका के लिए पार्टी के मुख्य सचेतक के रूप में चुना गया है।"
इससे पहले महाराष्ट्र के निवर्तमान मुख्यमंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता देवेंद्र फडणवीस को बुधवार को पार्टी के विधायक दल का नेता चुन लिया गया।