शीर्ष अदालत के निर्णय के बाद कर्नाटक के सीएम के रूप में बीएस येदियुरप्‍पा के शपथ ग्रहण का रास्‍ता साफ हो गया है।
नई दिल्ली। बुधवार को भाजपा विधायक दल का नेता चुने जाने के बाद बीएस येदियुरप्पा थोड़ी देर बाद कर्नाटक राजभवन में एक सादे समारोह में मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। इससे पहले कर्नाटक के राज्यपाल वजुभाई वाला बुधवार की देर शाम बीएस येदियुरप्पा को नई सरकार गठित करने के लिए आमंत्रित किया था। उन्होंने येदियुरप्पा को 15 दिनों के अंदर कर्नाटक विधानसभा में बहुमत साबित करना होगा। इस बीच सूचना ये है कि जल्दबाजी में शपथ ग्रहण समारोह होने की वजह से पीएम मोदी और अमित शाह शामिल नहीं होंगे। आपको बता दें कि कांग्रेस और जेडीएस ने राज्यपाल के इस निर्णय का विरोध किया है।
भाजपा कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर
शीर्ष अदालत का निर्णय आने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर है। उसके बाद से बेंगलूरु स्थित येदियुरप्पा के आवास पर भारी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता जमा हो गए और उन्होंने खुशी का जश्न मनाया। कार्यकर्ताओं का ढोल और नगाड़ों के साथ जश्न मनाने का सिलसिला जारी है। कार्यकर्ता पीएम मोदी, अमित शाह और येदियुरप्पा जिंदाबाद के नारे भी लगा रहे हैं। राजभवन में शपथ ग्रहण की तैयारी भी पूरी कर ली गई है। राजभवन के पास भी भारी संख्या में जश्न मनाने भाजपा कार्यकर्ता पहुंच गए हैं। दूसरी तरफ भाजपा विधायक दल के नेता येदियुरप्प शपथ लेने से पहले मंदिर पहुंचकर पूजा अर्चना की। उन्होंने ईश्वर से बेहतर और विकासपरक सरकार के लिए दुआएं मांगी।
सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की मांग
इससे पहले गुरुवार को तड़के शीर्ष अदालत ने कर्नाटक भाजपा को बड़ी राहत दी है। कांग्रेस ने राज्यपाल द्वारा येदियुरप्पा को सरकार गठन के लिए पहले बुलाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में देर रात याचिका दायर की थी। याचिका में शपथ ग्रहण समारोह पर रोक लगाने की मांग की गई थी। अदालत ने शपथ ग्रहण पर रोक लगाने से इनकार कर दिया लेकिन कांग्रेस की याचिका को खारिज नहीं नहीं किया है। अब इस याचिका पर शुक्रवार को साढ़े दस बजे सुनवाई होनी है। शपथ ग्रहण हो हरी झंडी देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने भारतीय जनता पार्टी से समर्थक विधायकों की सूची मांगी है। साथ ही राज्यपाल को मंगलवार और बुधवार को दिए गए समर्थन पत्र की भी मांग की है। बताया जा रहा है इन पत्रों के आलोक में शीर्ष अदालत शुक्रवार को सरकार गठन की प्रक्रिया पर विचार करेगी।
15 दिन में साबित करना होगा बहुमत
कर्नाटक के राज्यपाल वजुभाई वाला ने बुधवार देर शाम भाजपा विधायक दल के नेता बीएस येदियुरप्पा को सरकार बनाने का न्योता दिया था। येदियुरप्पा को 15 दिन में विधानसभा में बहुमत साबित करने को कहा गया है। राज्य विधानसभा चुनाव में भाजपा 104 सीटें हासिल करके सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। 78 सीटें हासिल कर कांग्रेस दूसरे नंबर की पार्टी है। जेडीएस के 38 प्रत्याशी भी जीतकर विधानसभा पहुंचे हैं। सरकार गठन को लेकर परिणाम आने के तत्काल बाद कांग्रेस-जद (एस) ने गठबंधन के 116 विधायकों का समर्थन राज्यपाल को सौंपते हुए सरकार बनाने का दावा पेश किया था।