क्रिश्चियम फोरम ने कहा- अमित शाह देश और समुदाय से माफी मांगें यह बयान देश की सेकुलर छवि पर सीधा हमला पश्चिम बंगाल की रैली में कल अमित शाह ने दिया था बयान
नई दिल्ली: घुसपैठियों को देश से भगाने का बयान देकर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बुरी तरह फंस गए हैं। केरल के क्रिश्चियन फोरम ने अमित शाह के बयान पर रोष जताते हुए उन्हें देश और अल्पसंख्यक समुदाय से माफी मांगने को कहा है।
फोरम ने उम्मीद जताई है कि अमित शाह और भाजपा देश और खासकर उस अल्पसंख्यक समुदाय से माफी मांगें जिन्हें उनके बयान से बुरा महसूस हुआ है।
मालूम हो हाल ही में अमित शाह ने कल ही एक बयान में कहा था कि भाजपा पश्चिम बंगाल में एनआरसी (National register of Citizen) को लागू करने को प्रतिबद्ध है। शाह ने कहा था, 'हम हिंदुओं, बौद्धों और सिखों को छोड़कर देश से हर एक घुसपैठिए को साफ कर देंगे।' क्रिश्चियन फोरम का मानना है कि ये बयान साफ तौर पर देश की एकता, अखंडता और और धर्मनिरपेक्ष छवि पर सीधा हमला है।
शाह के इस बयान पर एक तरफ क्रिश्चियम फोरम की नाराजगी समझ आ रही हैं लेकिन मुसिलम समुदाय की तरफ से कोई बयान नहीं आया है, ये अचरज का विषय हो सकता है। आखिरकार क्यों अमित शाह ने मुस्लिम समुदाय और क्रिश्चियम समुदाय को भारतीय समाज का हिस्सा नहीं माना और ऐन चुनाव के मौके पर इस तरह का बयान देकर अमित शाह क्या पैंतरा अपना रहे हैं, ये देखने और समझने की जरूरत है। कहीं ऐसा न हो कि पश्चिम बंगाल की सीटों को हासिल करने के लिए दिया गया अमित शाह का ये बयान पीएम मोदी के लिए आफत बन जाए।
कल ही पश्चिम बंगाल के राजगंज में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए शाह ने कहा दोबारा सत्ता में आती है तो पश्चिम बंगाल में अवैध रूप से घुसने वाले घुसपैठियों को खोज खोज कर बाहर निकाल फेंकेगी।
शाह ने कहा था कि अवैध घुसपैठिए दीमक की तरह होते हैं जो उस अनाज का सफाया कर डालते हैं जो देश के गरीब तक पहुंचना होता है, उन नौकरियों पर कब्जा कर लेते हैं जो सामान्य नागरिकों को मिलनी चाहिए।
शाह ने कल रोचक अंदाज में टीएमसी ( TMC ) का नया नामकरण भी कर डाला था। टी से तुष्टिकरण, एम से माफिया और सी से चिटफंड। मालूम हो ममता बनर्जी शारदा चिटफंड घोटाले में फंसी हुई हैं।
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