
प्रयागराज: समाजवादी सरकार में रहे पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खां की जमानत अर्जी निरस्त कराने के मामले में राज्य सरकार की ओर से दाखिल अर्जी पर हाईकोर्ट ने मंगलवार को सुनवाई की। हाईकोर्ट ने पूर्व कैबिनेट मंत्री को जवाबी हलफनामा दाखिल करने के लिए दो हफ्ते का और समय दिया है। मामले में यह आदेश न्यायमूर्ति राजीव गुप्ता ने उत्तर प्रदेश राज्य की ओर से दाखिल याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है।
आधा दर्जन मामलों की हुई सुनवाई
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार की ओर से मामले में आधा दर्जन से अधिक याचिकाएं दाखिल की गई हैं। कोर्ट सभी मामलों की एक साथ सुनवाई कर रहा है। आजम खान फिलहाल अलग-अलग मामलों में जेल में बंद हैं। लेकिन कुछ मामलों में उन्हें जमानत मिल चुकी है। सरकार ने पूर्व में मिल चुकी जमानत को निरस्त कराने के लिए हाईकोर्ट में अर्जी दाखिल की है।
प्रयागराज: अवमानना मामले में शाहजहांपुर के एसडीएम को कारण बताओ नोटिस जारी
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने शाहजहांपुर जिले की तिलहर तहसील के एसडीएम हिमांशु उपाध्याय को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। कोर्ट ने पूछा है कि क्यों न उनके खिलाफ अवमानना की कार्रवाई की जाए। कोर्ट ने एसडीएम से कारण को हलफनामे पर दाखिल करने केलिए कहा है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा है कि अगर वह हलफनामा दाखिल नहीं कर पाएंगे तो उन्हें कोर्ट के समक्ष पेश होकर इसकी जानकारी देनी होगी। यह आदेश न्यायमूर्ति जेजे मुनीर ने विष्णु दयाल की अवमानना याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है।
इलाहाबाद कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि जब अपने पूर्व के आदेश में उसने पंचायती राज अधिनियम के अंतर्गत चुनाव याचिका को निस्तारित करने का आदेश दिया था, तो याचिका का निस्तारण क्यों नहीं किया गया। कोर्ट ने एसडीएम को आदेश की अवमानना का दोषी पाया और मामले में नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का आदेश दिया।