रायगढ़

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ की बेमियादी हड़ताल समाप्त, जानें किस बात पर बनी सहमति

शासन के इस फैसले के बाद रायगढ़ में बर्खास्त 51 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका को पुन: बहाल करने की बात भी कही जा रही है।

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Apr 23, 2018

रायगढ़. करीब 50 दिन की लगातार हड़ताल के बाद आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका की 6 मांगों में से 4 मांगों पर शासन ने सहमति दे दी है। जिसमें बर्खास्त कार्यकर्ता व सहायिका की बहाली भी एक हैं। इस बात की पुष्टि संघ की अध्यक्ष ने की। शासन के इस फैसले के बाद रायगढ़ में बर्खास्त 51 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका को पुन: बहाल करने की बात भी कही जा रही है। हालांकि इसके लिए विभागीय अधिकारी शासन के गाइड लाइन व आदेश आने का जिक्र भी कर रहे हैं।

छत्तीसगढ़ जुझारू आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ की बेमियादी हड़ताल 50 दिनों के बाद एक अच्छी खबर के साथ समाप्त हो गई है। संघ की रायगढ़ अध्यक्ष प्रीति देवांगन ने बताया कि प्रदेश स्तर पर हो रहे विरोध प्रदर्शन के बाद शासन ने हमारी 6 मांगों में से 4 मांगों को मान लिया है। जिसमें नौकरी के दौरान मृत्यु होने पर 10 हजार की अनुग्रह राशि को 50 हजार किया गया है। इसके साथ ही कलेक्टर दर पर भुगतान को लेकर राज्य सरकार प्रस्ताव बना कर केंद्र सरकार को भेजेगी।

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डेटा अपडेट करने के लिए कार्यकर्ताओं को मोबाइल के साथ 500 रुपए प्रतिमाह अतिरिक्त मिलेगा। इसके साथ ही सबसे अहम बर्खास्त कार्यकर्ता व सहायिका को पुन: बहाली की जाएगी। हलांंकि बहाली की प्रक्र्रिया में बर्खास्त कार्यकर्ता व सहायिका को नियमानुसार वरिष्ठ अधिकारी के समक्ष अपील करना होगा। जिसपर विचार के बाद कोई फैसला लिया जाएगा।

इधर विभागीय अधिकारी की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका की मांगों को पूरा होने व हड़ताल खत्म होने की बात सुनने को स्वीकार कर रहे हैंं। पर रायगढ़ की बर्खास्त 51 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं की बहाली पर उनका कहना है कि इस संबंध में शासन की ओर से कोई गाइड लाइन व आदेश नहंी मिला है। जैसा आदेश होगा पालन होगा।

इन दो मांगों पर नहीं बनी सहमति
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका की 6 मे से जिन 2 मांगों को शासन ने नहीं माना है। उसमें यूनिफार्म की बाध्यता को खत्म करने के साथ ही रिटायरमेंट में एक तय राशि देने की मांग की गई है। कार्यकर्ता को 10 लाख जबकि सहायिका को 5 लाख रुपए देने की मांग की गई थी। पर शासन ने इन मांगों पर विचार नहीं किया। वहीं भविष्य में इस पर विचार करने की बात कहते हुए पल्ला झाड़ लिया।

तोड़ा गया था अध्यक्ष के केंद्र का ताला
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका के हड़ताल की वजह से केंद्र में पठन पाठन के साथ पोषण आहार की सप्लाई भी बंद हो गई थी। ऐसे में, महिला बाल विकास विभाग ने रायगढ़ में हड़ताल की अगुवाई कर रही संघ की अध्यक्ष प्रीति देवांगन के सेठी नगर स्थित सेंटर का ताला स्थानीय पर्यवेक्षक नेहा अग्र्रवाल द्वारा तोड़ा गया था। वहीं एक अन्य सहायिका को उक्त केेंद्र की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।

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Published on:
23 Apr 2018 12:11 pm
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