
रायपुर @अजय रधुवंशी। Fake Award Scam: चमकती रोशनी, सजे हुए मंच, कैमरों की फ्लैश लाइट और बॉलीवुड सेलिब्रिटी के साथ अवॉर्ड लेने का दावा। आम आदमी के लिए भले यह चौकाने वाला हो, लेकिन पर्दे के पीछे सब फिक्स है। देशभर के कई शहरों में पैसे दो अवार्ड लो अभियान और पर्दे के पीछे चल रहे इस पूरे खेल को पत्रिका ने करीब से समझा।
वाट्सएप और रिकार्डेड बातचीत की पड़ताल में यह जानकारी सामने आई कि सोशल मीडिया के जरिए देशभर में 50 से ज्यादा गिरोह सक्रिय है, जो कि फेसबुक, इंस्टाग्राम में नामी-गिरामी हस्तियों का चेहरा दिखाकर अवॉर्ड शो के जरिए फीस के नाम पर मोटी रकम वसूल रहे हैं। इन कंपनियों की ओर से दावा किया जा रहा है कि कार्यक्रम में बॉलीवुड हीरोइनें शामिल होंगी और उनके हाथों प्रतिभागियों को सम्मान दिलाया जाएगा।
आयोजनकर्ताओं ने हमे कुछ बॉलीवुड सेलिब्रेटी के वीडियो भी शेयर किए। पूरी पड़ताल में यह चौकाने वाला रहा कि आप अवार्ड के हकदार,योग्यता या इसके पात्र है कि नहीं इससे आयोजनकर्ताओं को कोई मतलब नहीं है, लेकिन 15 हजार से लेकर 75 हजार रुपए में सेलिब्रिटी के हाथों सम्मान का सौदा किया जा रहा है। इधर इवेंट कंपनी के सूत्रों का कहना है कि इस पूरे खेल में चीफ गेस्ट यानि जिनका नाम लिया जा रहा है, वे भी इस खेल में शामिल रहते हैं, उन्हें मोटी रकम ऑफर की जाती है। जिन्हें अवार्ड मिल रहा है, उनका बैकग्राउंड क्या है, इसके बारे में सेलिब्रिटी को कोई मतलब नहीं रहता।
केस-1. मलाइका से दिलवाएंगे, 15 हजार लगेगा, शो-रायपुर में
कोलकाता बेस्ड कंपनी इंडियन ग्लेम फर्म ने रायपुर के दीनदयाल ऑडोटोरियम में 20 जून को अवार्ड शो आयोजित करने का दावा किया। फेसबुक, इंस्टाग्राम पर प्रमोशन लिंक पर क्लिक करने पर पूर्णिमा नाम की एक लडक़ी ने हमसे संपर्क किया। उन्होंने कहा कि 15 हजार रुपए का पैकेज है।
रिपोर्टर ने कहा कि वह मॉडलिंग का काम करते हैं, बहुत साधारण प्रोफाइल है। इस पर पूर्णिमा ने कहा कि आपको बेस्ट मॉडल का अवार्ड दिलवा देंगे। वीडियोग्राफी, फोटोग्राफी अलग से होगी साथ ही न्यूज करवेज भी होगा। 15 हजार रुपए में सब कुछ शामिल हैं। इस हाई -टी व फोटोग्राफी भी होगी। इस संस्थान की ऑनर कविता पटेल ने सोशल मीडिया पर अपने आप को इंटरनेशनल मेकअप एजुकेटर बताया। कंपनी ने दावा किया कि यह फ्रॉड प्रमोशन नहीं है। मलाइका अरोरा का आना तय है।
केस-2. वीआईपी एंट्री के साथ सम्मान, कीमत 75 हजार रुपए
सोशल मीडिया पर निफिक्सी मीडिया व स्टेयलिंग इवेंट्स ने मल्लिका शेरावत के हाथों अवार्ड देने की कीमत 25 हजार से लेकर 75 हजार रुपए तय की। फेसबुक और इंस्टाग्राम लिंक पर क्लिक करने के बाद रिपोर्टर की बात इवेंट कंपनी के अवहि मेहता से होती है। उन्होंने कहा कि अवार्ड की केटेगरी के हिसाब से बैठक व्यवस्था, एंट्री, वीडियो क्लिपिंग चलाई जाएगी। रिपोर्टर ने 75 हजार वाली केटेगरी के लिए जब बात की तो उन्होंने कहा कि इसमें आपकी कंपनी का अलग से प्रमोशन किया जाएगा। साथ ही आपको स्पेशल एंट्री मिलेगी।
आयोजनकर्ता की टीम ने पहले 10 प्रतिशत बुकिंग अमाउंट के लिए क्यूआर कोड भेजा। मेहता ने कहा कि बाकी पैसा इवेंट शुरु होने के पहले देना है। रिपोर्टर ने जब पूछा कि हम कैसे भरोसा करें कि मल्लिका शेरावत आएंगी। इस पर उन्होंने कई शहरों में ऐसे अवार्ड शो होने का हवाला दिया। साथ ही अरबाज खाना के साथ इवेंट शो की एक क्लिपिंग भी भेजी।
केस-3. नई दिल्ली में अमीषा पटेल के हाथों अवार्ड, कीमत 25 से 40 हजार
नई दिल्ली, द्वारका के होटल रेडिशन ब्लू में बॉलीवुड अभिनेत्री अमीषा पटेल के हाथों अवार्ड लेने की कीमत 25 से 40 हजार रुपए में तय किया गया। रिपोर्टर को बताया गया कि इस पैके ज में मीडिया इंटरव्यू से लेकर प्रोफेशनल फोटोग्राफी, ऑफिशियल प्रेस रिलीज, सर्टिफिकेट, सोशल मीडिया प्रमोशन आदि शामिल हैं। नई दिल्ली की इनसाइट सक्सेस नाम की फर्म की ओर से तनुजा नाम की लकड़ी ने रिपोर्टर को अमीषा पटेल की एक वीडियो क्लिपिंग भेजी। फर्म का दावा है कि अमीषा पटेल उनके ही अवार्ड शो के बारे में बता रही हैं।
केस-4. कूरियर से भेजेंगे प्रिटेंड सर्टिफिकेट और मेडल
सोशल मीडिया पर भारत गौरव राष्ट्रीय सेवा सम्मान का विज्ञापन दिखा। क्लिक करने के थोड़ी देर बाद वाट्सऐप पर कॉल आया। पूछा गया कि सम्मान के लिए कौन सा प्लान लेना चाहते हैं। जब रिपोर्टर ने बताया कि उन्होंने ऐसा काम नहीं किया है, जिससे सम्मान मिले। कॉल करने वाले ने कहा कि आपका प्रोफाइल बनाकर सम्मान देंगे। तीन महीने बाद कार्यक्रम होगा, जिसमें अवार्ड किसी सेलिब्रिटी के हाथ से दिलवाया जाएगा।
एनजीओ का रजिस्ट्रेशन नंबर मांगने पर प्रयागराज के जीवन जागृति सेवा संस्थान का नंबर भेज दिया। रजिस्ट्रेशन के आधार पर पड़ताल करने पर जो नंबर मिला, उसमें संस्थान के कर्मी से बात हुई। एनजीओ के कार्यालय प्रभारी राजीव सिंह ने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है। हमने ऐसी जालसाजी के खिलाफ प्रयागराज में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
वास्तविक सम्मान समाज से मिलता है, जो खरीदा नहीं जा सकता। जो खरीदा जा रहा है, वह सम्मान नहीं हो सकता। आप बेहतर काम करेंगे सम्मान आपके घर तक आएगा। एक खिलाड़ी रहते हुए मैंने यह महसूस किया। - सबा अंजुम, पद्मश्री व पूर्व अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी
यह मनोरोग तो नहीं, लेकिन यह एक सामाजिक परिवर्तन का हिस्सा जरूर है, जिसमें लोग अपने आप को सेलिब्रिटी के हाथों सम्मान पाकर इसे सोशल मीडिया में शेयर करना चाहते हैं। दरअसल हमें एक-दूसरे के बेहतर कार्यों या सम-विषय परिस्थिति में किए गए मदद के प्रति आभार प्रकट करने को आदत में शामिल करना होगा, जो कि खत्म होती जा रही है। आभार प्रकट करना भी सम्मान से कम नहीं है। - डॉ. केसी दुबे, मनोरोग विशेषज्ञ