CG News: अक्टूबर के पहले हफ्ते में छत्तीसगढ़ की राजनीति और नौकरशाही में बड़ा फेरबदल होने जा रहा है। सरकार प्रशासनिक सर्जरी की तैयारी में है, जिसमें कई जिलों के कलेक्टर हटाए जा सकते हैं और मंत्रालय में कुछ सचिवों के विभाग बदले जाएंगे।
CG News: प्रदेश के नए मुख्य सचिव के नाम पर अब विराम लग गया है। आईएएस विकासशील प्रदेश के नए मुख्य सचिव होंगे। जानकारी के अनुसार एक-दो दिन में विकासशील मुख्य सचिव का पदभार ग्रहण कर सकते हैं। इसके बाद अक्टूबर के पहले सप्ताह में ही मंत्रालय और संचालनालय में आला अफसरों की प्रशासनिक सर्जरी होगी। क्योंकि पांच बड़े सीनियरों को सुपरसीड कर विकासशील को मुख्य सचिव बनाया गया है।
इसलिए पांचों बड़े आईएएस अफसरों को मंत्रालय से बाहर पोस्टिंग दी जाएगी। यह परंपरा देशभर में है। इसलिए छत्तीसगढ़ में इसी परंपरा का निर्वहन किया जाएगा। विकासशील से सीनियरों की सूची में रेणु पिल्ले, सुब्रत साहू और अमित अग्रवाल शामिल हैं। अमित अग्रवाल पहले से ही डेपुटेशन पर दिल्ली में तैनात है। इसलिए सुब्रत साहू और रेणु पिल्ले को मंत्रालय से बाहर अच्छे पद दिए जाएंगे।
इसी तरह बैच वाइस सीनियरिटी में सबसे ऊपर ऋचा शर्मा है। इसके बाद निधि छिब्बर है। निधि छिब्बर फिलहाल दिल्ली में डेपुटेशन पर है। चूंकि मप्र में सेम बैच के आईएएस अफसर मंत्रालय में अलग-अलग विभागों की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, इसलिए भी वही परंपरा चालू रखने में कोई दिक्कत नहीं होगी।
प्रशासनिक सर्जरी के तहत मंत्रालय में कुछ सचिवों के विभाग तो बदले जाएंगे ही। साथ ही संचालनालय के संचालकों को भी इधर-उधर किया जा सकता है। इसके अलावा कलेक्टरों को भी हटाकर उनकी जगह मंत्रालय के कुछ लोगों को कलेक्टर बनाकर भेजा सकता है। क्योंकि पिछले कुछ दिनों से कलेक्टरों की शिकायतें भी आने लगी है।
सबसे ज्यादा शिकायतें कोरबा कलेक्टर अजीत बसंत की शासन के पास पहुंची हैं। पूर्व गृहमंत्री ननकीराम कंवर ने तो बाकायदा मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखकर शिकायतों की झड़ी लगाई है। साथ ही कलेक्टर को हटाने की मांग भी सीएम से की है।
25 बरस के छत्तीसगढ़ में अब तक 13 मुख्य सचिव बनाए गए हैं। राज्य निर्माण के बाद बंटवारे में छत्तीसगढ़ के हिस्से में आए सबसे वरिष्ठ आईएएस अरुण कुमार प्रदेश के पहले मुख्य सचिव नियुक्त हुए। अरुण कुमार की नियुक्ति 30 अक्टूबर 2000 को हुई थी। उनका कार्यकाल 31 जनवरी 2003 तक रहा।
अरुण कुमार - 30 अक्टूबर 2000 से 31 जनवरी 2003
एसके मिश्रा - 31 जनवरी 2003 से 30 जून 2004
एके विजय वर्गीय - 1 जुलाई 2004 से 7 नवंबर 2005
आरपी बागी - 7 नवंबर 2005 से 31 जनवरी 2007
शिवराज ङ्क्षसह - 31 जनवरी 2007 से 31 जुलाई 2008
पी.जॉय उमेन - 31 जुलाई 2008 से 7 फरवरी 2012
सुनील कुमार - 7 फरवरी 2012 से 28 फरवरी 2014
विवेक ढांड - 28 फरवरी 2014 से 11 जनवरी 2018
अजय ङ्क्षसह - 11 जनवरी 2018 से 2 जनवरी 2019
सुनील कुजूर - 2 जनवरी 2019 से 31 अक्टूबर 2019
आरपी मंडल - 31 अक्टूबर 2019 से 30 नवंबर 2020 तक
अमिताभ जैन - 1 दिसंबर 2020 से 30 सितंबर 2025 तक