
CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय होने के संकेत मिल रहे हैं। 19 सितंबर से प्रदेश में बारिश का दायरा बढ़ने की संभावना है। कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार 19 से 22 सितंबर के बीच बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान है। कुछ इलाकों में आकाशीय बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी गई है। बारिश के साथ तापमान में भी बदलाव देखने को मिल सकता है।
मौसम में बदलाव के पीछे अंडमान सागर और उससे लगे क्षेत्रों में बनने वाली नई मौसम प्रणाली को अहम माना जा रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, 19 सितंबर के आसपास यहां कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। इसके आगे मजबूत होकर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ने के आसार हैं। इसके प्रभाव से मध्य और पूर्वी भारत में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार छत्तीसगढ़ में 19 से 22 सितंबर के बीच कई स्थानों पर बारिश हो सकती है। वहीं, 20 से 22 सितंबर के दौरान कुछ इलाकों में भारी बारिश होने की संभावना है। बारिश के साथ कई स्थानों पर गरज-चमक और बिजली गिरने की स्थिति भी बन सकती है।
मौसम केंद्र रायपुर ने 19 सितंबर को सुबह 4 बजे Yellow Alert जारी किया है। इसके अनुसार कांकेर, नारायणपुर, कोंडागांव, बीजापुर, बस्तर, दंतेवाड़ा, सुकमा, धमतरी और गरियाबंद में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने की संभावना है। यह अलर्ट 19 सितंबर को सुबह 7 बजे तक के लिए जारी किया गया है। मौसम केंद्र रायपुर की ओर से लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई इलाकों में बीते दिनों उमस और गर्मी का असर बना हुआ था। अब बारिश की गतिविधियां बढ़ने से लोगों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। बारिश और बादलों की आवाजाही के साथ दिन के तापमान में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।
एक ओर अंडमान सागर में बनने वाली नई मौसम प्रणाली से बारिश की गतिविधियां बढ़ने के संकेत हैं, वहीं दूसरी ओर पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल बन रही हैं। हालांकि, छत्तीसगढ़ में फिलहाल मानसूनी बारिश का दौर जारी रहने के संकेत हैं।
मौसम विभाग के अनुसार बारिश के दौरान गरज-चमक और आकाशीय बिजली की स्थिति बन सकती है। ऐसे में खराब मौसम के दौरान खुले मैदान, ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है। मौसम खराब होने पर सुरक्षित स्थान पर रहने में ही सावधानी है।