
CGPSC SI Result controversy: छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) की ओर से जारी सूबेदार, उप निरीक्षक और प्लाटून कमांडर भर्ती परीक्षा में सफल हुए अजीबो-गरीब नाम सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं। इन नामों को फर्जी होने का आरोप लगाते हुए कांग्रेस ने सवाल उठाए हैं। वहीं, सीजीपीएससी ने आरोपों का खंडन किया है। इसके बाद भाजपा भी कांग्रेस पर हमलावर हो गई है।
उसका कहना है कि आयोग के खंडन के बाद कांग्रेस को अपने किए पर माफी मांगनी चाहिए। 4 अगस्त को जारी के किए गए परिणामों के बाद परीक्षा में चयनित हुए अभ्यर्थियों के नामों की लिस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो रही थी। पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने इस सूची को अपने एक्स पर डालकर तंज कसा था कि NEWS, SPACERANI, HE RAM नाम के अभ्यर्थियों को सीजीपीएससी की परीक्षा में सफलता मिली है। इन अभ्यर्थियों को बधाई हो।
इसके बाद सीजीपीएससी के अपर सचिव की ओर से अध्यक्ष द्वारा अनुमोदित खंडन जारी किया गया है। जिसमें कहा गया है कि आयोग की ओर से आयोजित गृह पुलिस विभाग के अंतर्गत सूबेदार/उप निरीक्षक संवर्ग / प्लाटून कमांडर परीक्षा-2024 के प्रारंभिक लिखित परीक्षा परिणाम जारी किए गए हैं। सोशल मीडिया में विभिन्न माध्यमों से कुछ अभ्यर्थियों के नामों जैसे NEWS, SPACERANI, HE RAM, BHAKT PRAHLAD, TUFAIL के संबंध में भ्रामक एवं तथ्यहीन जानकारी प्रसारित की जा रही है और अभ्यर्थियों के वास्तविक नामों का उपहास उड़ाया जा रहा है।
SI Result Controversy: आयोग सोशल मीडिया पर प्रसारित रील्स/शॉर्ट्स वीडियो में प्रदर्शित तथ्यों का स्पष्ट रूप से खंडन करता है। परीक्षा परिणाम में प्रदर्शित अभ्यर्थियों के नाम वही हैं जो संबंधित अभ्यर्थियों द्वारा अपने ऑनलाइन आवेदन पत्र में अंकित कर अंतिम रूप से सबमिट किए गए थे। नाम से ही अभ्यर्थी दस्तावेज़ एवं शारीरिक परीक्षण ओर प्रारंभिक परीक्षा में सम्मिलित हुए थे ओर उनके प्रवेश पत्र में भी उनके नाम यथावत प्रदर्शित किए गए थे। आयोग ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि ऐसी भ्रामक एवं असत्य जानकारी पर विश्वास न करें।
छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) द्वारा सूबेदार, उप निरीक्षक संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर परीक्षा-2024 के प्रारंभिक परिणाम पर जारी आधिकारिक स्पष्टीकरण के बाद भाजपा ने कांग्रेस पर दुष्प्रचार करने का आरोप लगाया है। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता उज्ज्वल दीपक ने कहा कि आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि सोशल मीडिया पर जिन नामों को लेकर विवाद खड़ा किया गया, वे अभ्यर्थियों द्वारा ऑनलाइन आवेदन में दर्ज वास्तविक नाम हैं और पूरी भर्ती प्रक्रिया इन्हीं के आधार पर संचालित हुई। आयोग ने सोशल मीडिया पर प्रसारित दावों का भी खंडन किया है। बता दें कि पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने न्यूज और स्पेस रानी जैसे नामों के अभ्यर्थियों पर सवाल उठाए थे। जिसका आयोग ने खंडन किया था।
उज्ज्वल दीपक ने कहा कि परिणाम सामने आने पर उन्होंने स्वयं सीजीपीएससी से सार्वजनिक स्पष्टीकरण जारी करने का आग्रह किया था, ताकि अभ्यर्थियों के बीच किसी प्रकार का भ्रम न रहे। आयोग के अधिकृत स्पष्टीकरण के बाद भर्ती प्रक्रिया में घोटाले या हेरफेर के आरोप निराधार साबित हो गए हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने आयोग का पक्ष सामने आने से पहले ही इस मुद्दे को राजनीतिक रंग देकर युवाओं को भ्रमित करने का प्रयास किया। अब कांग्रेस को अपनी भ्रामक पोस्ट हटाकर प्रदेश के युवाओं से माफी मांगनी चाहिए।