
Chhattisgarh Monsoon Update: छत्तीसगढ़ में इस बार जून का महीना अब तक बेहद सूखा रहा है। मानसून पहुंचने के बाद भी प्रदेश में बारिश सामान्य से काफी पीछे है। जून में अब तक करीब 51 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जबकि इस समय तक औसतन 161 मिमी बारिश होनी चाहिए थी। यानी सामान्य से करीब 69 फीसदी कम बारिश हुई है। कम बारिश के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई है। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी की संभावना है, लेकिन अभी तक तेज बारिश का इंतजार बना हुआ है।
राजधानी रायपुर में भी बारिश की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। जिले में अब तक सिर्फ 35.8 मिमी बारिश हुई है, जबकि इस समय तक करीब 136 मिमी बारिश हो जानी चाहिए थी। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार पिछले कुछ वर्षों की तुलना में जून 2026 में रायपुर में सबसे कम बारिश दर्ज की गई है।
छत्तीसगढ़ में मानसून ने 22 जून को दस्तक दी थी, जबकि रायपुर में 23 जून को मानसून पहुंचा। इसके बावजूद बारिश लगातार नहीं हो रही है। कई जगह बादल छा रहे हैं, लेकिन पर्याप्त बारिश नहीं हो रही। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में भी तक मजबूत कम दबाव का क्षेत्र नहीं बना है। इसी वजह से प्रदेश में भारी बारिश वाला सिस्टम सक्रिय नहीं हो पाया है। अगले कुछ दिनों में बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है।
छत्तीसगढ़ कृषि प्रधान राज्य है और बड़ी संख्या में किसान धान की खेती के लिए मानसूनी बारिश पर निर्भर रहते हैं। कम बारिश के कारण किसानों की चिंता बढ़ गई है। खेतों में अच्छी नमी के लिए अब किसानों को तेज बारिश का इंतजार है।
पिछले 24 घंटे में प्रदेश के कुछ हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मुंगेली में करीब 5 सेमी और दरभा में 4 सेमी बारिश हुई। इसके अलावा गुंडरदेही, अर्जुंदा और कोंटा में करीब 3-3 सेमी पानी गिरा। रायगढ़, अकलतरा, प्रेमनगर, दुर्ग, भिलाई समेत कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई।
छत्तीसगढ़ में आज मौसम गर्म और उमस भरा रहने की संभावना है। दिनभर तेज गर्मी का असर देखने को मिल सकता है, वहीं शाम या रात के समय मौसम में बदलाव के साथ कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश या बौछारें पड़ सकती हैं।
मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार प्रदेश में अधिकतम तापमान करीब 36 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 28 से 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। दिन के समय तेज धूप और बढ़ी हुई नमी के कारण लोगों को उमस का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, शाम के बाद बादल छाने से मौसम में थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम की स्थिति को देखते हुए दोपहर बाद या शाम के समय कुछ क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने की संभावना जताई गई है। बारिश होने से तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है। प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम दिशा से करीब 9 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने की संभावना है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मानसूनी गतिविधियों के कारण आने वाले दिनों में बारिश की संभावना बनी रहेगी।