
CM Sai Singapore Visit: छत्तीसगढ़ के जंगलों और वन्यजीव संपदा को वैश्विक पर्यटन से जोड़ने की दिशा में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सिंगापुर के Mandai Wildlife Reserve का दौरा किया। उन्होंने यहां वन्यजीव संरक्षण, प्राकृतिक आवास के प्रबंधन और पर्यटक सुविधाओं की व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। साय ने कहा कि सिंगापुर के सफल अनुभवों से सीख लेकर छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक परिस्थितियों के अनुरूप इको-टूरिज्म का मॉडल विकसित किया जा सकता है। इससे वन्यजीव संरक्षण के साथ पर्यटन और रोजगार को भी बढ़ावा देने की संभावनाएं बनेंगी।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ Mandai Wildlife Reserve का दौरा किया। इस दौरान दोनों ने वहां वन्यजीव संरक्षण और इको-टूरिज्म से जुड़ी व्यवस्थाओं को देखा। साय भारत सरकार के विदेश मंत्रालय के नामांकन पर सिंगापुर में आयोजित पहले Singapore-India Network for Growth यानी SING Forum 2026 में शामिल होने पहुंचे हैं।
छत्तीसगढ़ अपने बड़े वन क्षेत्र, जैव-विविधता और प्राकृतिक पर्यटन स्थलों के कारण इको-टूरिज्म के लिए महत्वपूर्ण संभावनाएं रखता है। बस्तर से लेकर सरगुजा तक फैले जंगल और विभिन्न राष्ट्रीय उद्यान व अभयारण्य राज्य की प्राकृतिक संपदा को दर्शाते हैं। सरकार इन क्षेत्रों में संरक्षण के साथ बेहतर पर्यटक सुविधाएं और स्थानीय भागीदारी बढ़ाने पर जोर दे रही है।
Mandai Wildlife Reserve में मुख्यमंत्री ने प्राकृतिक परिवेश में वन्यजीव संरक्षण, पर्यटकों के अनुभव, प्रबंधन व्यवस्था और जागरूकता से जुड़ी गतिविधियों का अध्ययन किया। उनका जोर इस बात पर रहा कि सिंगापुर के मॉडल को ज्यों का त्यों अपनाने के बजाय वहां के सफल अनुभवों को छत्तीसगढ़ की भौगोलिक और जैव-विविधता संबंधी जरूरतों के अनुसार इस्तेमाल किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में ऐसा इको-टूरिज्म मॉडल विकसित किया जाना चाहिए, जिसमें जंगल और वन्यजीव सुरक्षित रहें और स्थानीय समुदायों को भी इसका लाभ मिले। पर्यटन के विकास से ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं और स्थानीय लोगों के लिए आय और रोजगार के नए अवसर तैयार किए जा सकते हैं।
बस्तर, कांगेर घाटी, अचानकमार, इंद्रावती और उदंती-सीतानदी जैसे क्षेत्र छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक पर्यटन क्षमता को दर्शाते हैं। इन क्षेत्रों में संरक्षण, स्थानीय भागीदारी और आधुनिक पर्यटक सुविधाओं का बेहतर समन्वय किया जाए तो राज्य की इको-टूरिज्म क्षमता को और बढ़ाया जा सकता है।
मुख्यमंत्री साय का सिंगापुर दौरा केवल निवेश के लिहाज से ही नहीं, बल्कि हरित विकास और पर्यटन के नजरिए से भी महत्वपूर्ण है। इससे पहले उन्होंने Gardens by the Bay के अधिकारियों के साथ भी बैठक की, जिसमें हॉर्टिकल्चर, संरक्षण, अर्बन ग्रीनिंग और इको-टूरिज्म में सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा हुई। साय ने कहा कि वहां से मिली सीख नवा रायपुर में बॉटनिकल गार्डन और राज्य के बेहतर हरित क्षेत्रों के विकास में उपयोगी हो सकती है।